पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के खिलाफ देश के छह सूबों में ताबड़तोड़ एक्शन के बीच केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा है कि यह संगठन आईएसआई (पाकिस्तान की इंटेलिजेंस एजेंसी) का प्रॉक्सी है और यह अलकायदा की परछाई जैसे काम कर रहा है।
मंगलवार (27 सितंबर, 2022) को टाइम्स नाउ नवभारत से उन्होंने कहा- भारत के लोकतंत्र के खिलाफ साजिश हो रही थी। जो खुलासे हुए हैं, वे चौंकाने वाले हैं। पीएफआई, आईएसआई की प्रॉक्सी बन गया है। यह अलकायदा की परछाई की तरह काम कर रहा है।
उन्होंने आगे कहा- जिस शैतानी और षडयंत्रों वाली मानसिकता से काम कर रहा था, वो मुल्क के साथ मजहब के खिलाफ थी। वह देश को नुकसान पहुंचाने की मकसद से काम कर रहा था। वे लोग तो चुनाव लड़ने की फिराक में भी थे। उनकी सोच यही है कि राष्ट्रवादी सोच के लोगों के खिलाफ षडयंत्र रचो।
पीएफआई से जुड़ाव के मामले में मध्य प्रदेश में पुलिस ने 21 लोगों को हिरासत में लिया है। यह जानकारी सुबह सूबे के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने दी। इस बीच, महाराष्ट्र में ठाणे से पीएफआई के चार कार्यकर्ता राष्ट्र विरोधी गतिविधियों के आरोप में गिरफ्तार किए गए। वहीं, गुजरात में कम से कम 10 लोगों को पीएफआई से संबंधों के सिलसिले में पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया, जबकि असम में पुलिस ने पीएफआई के 25 कार्यकर्ताओं को अरेस्ट किया।
उधर, कर्नाटक के उडुपी जिले में पीएफआई के नेताओं के घरों पर छापेमारी और चार हिरासत में। दिल्ली में भी कुछ पीएफआई से कथित तौर पर जुड़े लोग हिरासत में लिए गए और केरल में राज्यव्यापी हड़ताल के दौरान हिंसक गतिविधियों के आरोप में पीएफआई के पांच कार्यकर्ता गिरफ्तार हुए हैं।
