Kisan Andolan Delhi: हरियाणा के शंभू और खनौरी बॉर्डर पर डटे हुए किसानों ने एक बार फिर दिल्ली कूच के लिए कमर कस ली है। किसानों का कहना है कि या तो सरकार एमएसपी पर हमारी मांग को पूरा करे या फिर उन्हें दिल्ली जाने दिया जाए। इस समय करीब 14000 किसान 1200 ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ पंजाब-हरियाणा सीमा पर डटे हुए हैं। किसानों के दिल्ली मार्च को लेकर राजधानी में भी अलर्ट जारी कर दिया गया है। इस बीच किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने बड़ा बयान दिया है।
सरवन सिंह पंढेर ने कहा है कि केंद्र सरकार अर्धसैनिक बलों के द्वारा किसानों के खून से होली खेलना चाहती है। उन्होंने कहा, हमने अपनी ओर से बहुत प्रयास किए और बैठक में गए, लेकिन बात नहीं बनी। उन्होंने कहा, सरकार को हमारी मांगे मान लेनी चाहिए।
हमारी ओर से नहीं होगा कोई प्रहार
पंढेर ने कहा, हमारा प्रयास रहेगा कि हम शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ें। सरकार को बैरीकेट्स हटा लेने चाहिए और किसानों के पक्ष में फैसला लेना चाहिए। उन्होंने कहा, अगर केंद्र सरकार एक हाथ आगे बढ़ाएगी तो किसान दो हाथ आगे बढ़ाने को तैयार हैं। उन्होंने कहा, जिस तरह से अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है, हम नहीं चाहते कुछ ऐसा हो। हम अपनी तरफ से कोई प्रहार नहीं करेंगे, लेकिन सरकार को ध्यान में रखना चाहिए कि कहीं हम आपा न खो बैठें।
पीएम मोदी से की अपील
इस दौरान पंढेर ने कहा कि हम प्रधानमंत्री मोदी से अपील करते हैं कि वे आगे आएं और कानून की घोषणा करके इस विरोध को समाप्त कर दें। उन्होंने कहा, हरियाणा के गावों में अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है, हमने ऐसा क्या अपराध किया है? उन्होंने कहा, हमने सरकार से कहा है कि वो चाहें तो हमें मार सकती है, लेकिन किसानों पर इस तरह का अत्याचार न करें। हमें दिल्ली जानें दें, यह हमारा अधिकार है।
