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गुजरात में फर्जी ED टीम का पर्दाफाश, गृह मंत्री बोले - 'आप नेता अब्दुल सत्तार है सरगना'

कच्छ में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की एक फर्जी टीम पकड़ी गई है। इस फर्जी टीम के सरगना की पहचान अब्दुल सत्तार के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर आम आदमी पार्टी (आप) का नेता है।

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कच्छ में ईडी की एक फर्जी टीम पकड़ी गई है। इस फर्जी टीम के सरगना की पहचान अब्दुल सत्तार के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर आप का नेता है।

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

गुजरात के कच्छ में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की एक फर्जी टीम पकड़ी गई है। इस फर्जी टीम के सरगना की पहचान अब्दुल सत्तार के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर आम आदमी पार्टी (आप) का नेता है। गुजरात सरकार के गृह मंत्री हर्ष सांघवी ने कहा कि फर्जी ईडी टीम का लीडर अब्दुल सत्तार आम आदमी पार्टी का नेता है। वह ईडी की नकली टीम बनाकर लोगों को लूट रहा था। पुलिस ने कच्छ में इस नकली ईडी टीम को अपनी गिरफ्त में लिया है। हर्ष सांघवी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी का एक और कारनामा सामने आया है। गुजरात में पार्टी के नेता ने ईडी की नकली टीम बनाई और उसके कैप्टन बनकर लोगों को लूटा। कच्छ में पकड़ाई गई ईडी की नकली टीम कमांडर गुजरात आम आदमी पार्टी का नेता निकला। यह केजरीवाल के चेलों की करतूत का असली सबूत है। हर्ष सांघवी ने एक्स पर एक पोस्ट में गिरफ्तार आरोपियों का वीडियो और अरविंद केजरीवाल के साथ आरोपी की तस्वीर भी शेयर की है। दरअसल, गांधीधाम में एक आभूषण की दुकान पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की फर्जी छापेमारी करने के आरोप में पिछले सप्ताह 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। अब यह सामने आया है कि फर्जी छापेमारी में शामिल मुख्य आरोपियों में से एक आप का नेता है।

पुलिस ने 12 लोगों को किया गिरफ्तार

यह घटना बीते 2 दिसंबर को गांधीधाम के राधिका ज्वैलर्स में हुई, जहां समूह ने ईडी अधिकारियों के रूप में फर्जी छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान उन्होंने कीमती सामान लूट लिया। फर्जी छापेमारी करने वाली टीम ने नकली आईडी भी बनाए, जिसमें अंकित तिवारी नामक ईडी अधिकारी का आईडी कार्ड भी शामिल था। छापेमारी के दिन फर्जी आईडी के साथ यह समूह राधिका ज्वैलर्स में पहुंचा और 25.25 लाख की नकदी और आभूषण चुरा लिए। पुलिस ने 12 लोगों को गिरफ्तार किया है जबकि एक संदिग्ध विपिन शर्मा अब भी फरार है। अधिकारियों ने समूह से 22.27 लाख के सोने के आभूषण बरामद किए हैं और तीन कारें जब्त की हैं।

Shashank Shekhar Mishra
Shashank Shekhar Mishraauthor

शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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