देश

शिवाजी महाराज हो गए पुराने, अंबेडकर-गडकरी जैसे नए आदर्श चुनें- बोले कोश्यारी, NCP ने घेरा- मत खेलो, महंगी पड़ेगी होशियारी

  • Edited by: अभिषेक गुप्ता
  • Updated Nov 19, 2022, 05:55 PM IST

राज्यपाल ने बयान दिया था, "अगर कोई आपसे पूछता है कि कौन आपका आदर्श (आइडल) है, तब आपको इसे ढूंढने या नाम बताने के लिए बाहर जाने की जरूरत नहीं है। आपको ये महाराष्ट्र में ही मिल जाएंगे। छत्रपति शिवाजी महाराज अब पुराने आदर्श हो गए हैं। आप भीमराव अंबेडकर से लेकर नितिन गडकरी जैसे नए आदर्शों में अपना आइडल ढूंढ सकते हैं।"

Image

महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी। (फाइल)

Photo : IANS

महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने कहा है कि छत्रपति शिवाजी महाराज अब पुराने आदर्श हो गए हैं। लोगों को भीमराव अंबेडकर और नितिन गडकरी सरीखे आइडल्स में से अब अपने नए आदर्श को चुनना चाहिए। कोश्यारी के इस बयान पर सूबे में सियासी बवाल मच गया है। शिवसेना और एनसीपी ने इसे मुद्दा बनाने का प्रयास किया। साथ ही राज्यपाल पर जुबानी प्रहार किया और दो टूक कहा- आप हमारी अस्मिता से मत खेलो, आपको यह होशियारी महंगी पड़ेगी।

राज्यपाल ने बयान दिया था, "अगर कोई आपसे पूछता है कि कौन आपका आदर्श (आइडल) है, तब आपको इसे ढूंढने या नाम बताने के लिए बाहर जाने की जरूरत नहीं है। आपको ये महाराष्ट्र में ही मिल जाएंगे। छत्रपति शिवाजी महाराज अब पुराने आदर्श हो गए हैं। आप भीमराव अंबेडकर से लेकर नितिन गडकरी जैसे नए आदर्शों में अपना आइडल ढूंढ सकते हैं।"

शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा- राज्यपाल को इतिहास की जानकारी नहीं है। बीजेपी और सीएम को इस बयान की कड़ी निंदा करनी चाहिए। केंद्र को वापस बुलाने की तुरंत मांग करनी चाहिए। कभी सावित्री बाई फुले का अपमान होता है तो कभी छत्रपति शिवाजी का अपमान किया जाता है।

एनसीपी नेता और पूर्व कबीना मंत्री जितेंद्र आव्हाड भी भड़कते हुए बोले- इनको क्या मालूम है इतिहास? हमारे सूबे के प्रति हमेशा खुन्नस रखने वाले और बदनाम करने वाले यह व्यक्ति एनसीपी नेता और पूर्व कबीना मंत्री जितेंद्र आव्हाड भी भड़कते हुए बोले- इनको क्या मालूम है इतिहास? हमारे सूबे के प्रति हमेशा खुन्नस रखने वाले और बदनाम करने के प्रयास में लगे रहते हैं।

उन्होंने आगे कहा- वह महाराष्ट्र का राज्यपाल कहने लायक नहीं हैं। हम इनको वापस नहीं बुला रहे, इनको हटा लो। मराठी आदमी का गुस्सा निकल रहा है। महाराष्ट्र में यह खेल मत खेलो, होशियारी बहुत महंगी पड़ेगी।

अभिषेक गुप्ता
अभिषेक गुप्ताauthor

छोटे शहर से, पर सपने बड़े-बड़े. किस्सागो ऐसे जो कहने-बताने और सुनाने को बेताब. कंटेंट क्रिएशन के साथ नजर से खबर पकड़ने में पारंगत और "मीडिया की मंडी" में लगभग आठ साल का अनुभव. न्यूज, सिनेमा, बाइक्स और घूमने में दिलचस्पी.

और पढ़ें
End of Article