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गठिया की बीमारी में इन चीजों से करें परहेज, जानें क्या खा सकते हैं मटर और मूली

  • Authored by: दीपक पोखरिया
  • Updated Nov 6, 2022, 02:35 PM IST

Avoid These Things in Arthritis: यूरिक एसिड पेशाब के जरिए शरीर से बाहर निकल जाता है। ठंड के मौसम में गठिया के मरीजों की समस्या और भी ज्यादा बढ़ जाती है। ऐसे में आपको खाने-पीने में कुछ चीजों का परहेज करना चाहिए।

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गठिया की बीमारी में इन चीजों से करें परहेज।

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Avoid These Things in Arthritis: उम्र बढ़ने के साथ ही लोग गठिया (Arthritis) की समस्या से परेशान होने लगते हैं। गठिया तब होता है जब बहुत अधिक यूरिक एसिड (Uric Acid) आपके जोड़ों में बनता है और क्रिस्टल बनाता है। कई खाद्य पदार्थों में पाए जाने वाले प्यूरीन (Purine) नामक पदार्थ को तोड़ने के बाद आपका शरीर यूरिक एसिड बनाता है। प्यूरीन आपके शरीर में स्वाभाविक रूप से होता है, लेकिन यह कुछ खाद्य पदार्थों में भी पाया जाता है।

यूरिक एसिड पेशाब के जरिए शरीर से बाहर निकल जाता है। ठंड के मौसम में गठिया के मरीजों की समस्या और भी ज्यादा बढ़ जाती है। ऐसे में आपको खाने-पीने में कुछ चीजों का परहेज करना चाहिए। गठिया की डाइट से यूरिक एसिड के स्तर को कम करने में मदद मिलती है। गठिया की डाइट इलाज नहीं है, लेकिन यह बार-बार होने वाले गठिया के हमलों के जोखिम को कम कर सकता है। आज हमको बताएंगे कि आपको गठिया में क्या खाना और क्या नहीं खाना चाहिए।

गठिया होने पर इन चीजों को पीने-खाने से बचें:-

  1. बीयर और अनाज की शराब (वोदका और व्हिस्की की तरह)।
  2. रेड मीट, भेड़ का बच्चा, और सूअर का मांस।
  3. सी फूड, विशेष रूप से झींगा, झींगा मछली, मसल्स, एंकोवी और सार्डिन।
  4. सोडा और कुछ जूस, अनाज, आइसक्रीम, कैंडी और फास्ट फूड।

गठिया के मरीज इन चीजों को डाइट में करें शामिल:-

  1. ताजे फल।
  2. नट, पीनट बटर, और अनाज।
  3. आलू, चावल, ब्रेड और पास्ता।
  4. अंडा।

बता दें कि कुछ सब्जियां प्यूरीन से भरपूर होती हैं, जैसे मटर, मूली, फूल गोभी और पालक। हालांकि रिसर्च में हाई प्यूरीन सब्जियों को उच्च यूरिक एसिड के स्तर या गठिया के हमलों को बढ़ाने के लिए नहीं दिखाया है। हेल्दी डाइट आपके सिस्टम में यूरिक एसिड की मात्रा को कंट्रोल करने में मदद कर सकता है, फिर भी आपको भविष्य में होने वाले हमलों को रोकने के लिए दवा की आवश्यकता हो सकती है।

दीपक पोखरिया
दीपक पोखरियाauthor

पहाड़ से हूं, इसलिए घूमने फिरने का शौक है। दिल्ली-नोएडा से ज्यादा उत्तराखंड में ही मन लगता है। कई मीडिया संस्थानों से मेरी करियर यात्रा गुजरी है और मई 2022 से Times Network में timesnowhindi.com के साथ जुड़ा हूं। यहां शुरूआत खबरों से हुई और अब नजरें फीचर टीम के जरिए पाठकों की पसंद के लेख लिखने पर रहती है। घुमक्कड़ी पसंद होने की वजह से मुख्य जिम्मेदारी timesnowhindi.com/travel की है। वैसे मैं देवभूमि उत्तराखंड के नैनीताल से हूं और यहीं पर जन्म हुआ। पढ़ाई की शुरुआत फिरोजपुर (पंजाब) से हुई। इसके बाद लखनऊ (उत्तर प्रदेश), रामपुर (उत्तकर प्रदेश), हल्द्वानी (उत्तराखंड) होते हुए देश की राजधानी दिल्ली से पढ़ाई की। हल्द्वानी के एमबीपीजी कॉलेज से ग्रेजुएशन पूरा किया। साथ ही NIIT से GNIIT किया। इसके बाद दिल्ली से भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई की। मीडिया में 12 साल से ज्यादा का अनुभव। टीवी, वेबसाइट और मोबाइल ऐप में अब तक काम किया। नौकरी की शुरुआत 2011 से की। अभी टाइम्स नाऊ नवभारत में 2 से अधिक सीनियर करोस्पेंडट के पद पर हूं। यात्रा सेक्शन से जुड़ने से पहले करीब डेढ़ साल पहले तक न्यूज में ही काम किया।

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