वायरल न्यूज़

तमिलनाडु के'मोक्ष मार्ग' की चट्टानों में फिर फंसी एक महिला, बाल-बाल बची जान, देखें हैरान करने वाला VIDEO

Viral Video: आंध्र प्रदेश के तिरुवन्नमलाई स्थित अरुणाचल गिरि के 'मोक्ष मार्गम' में एक बार फिर बड़ा हादसा होते-होते टल गया। हाल ही में एक श्रद्धालु की तंग चट्टान में फंसकर दम घुटने से हुई मौत के कुछ ही दिनों बाद एक महिला इसी तंग रास्ते में बुरी तरह फंस गई। सांस फूलने और घबराहट के बीच पास खड़े श्रद्धालुओं ने तत्परता दिखाते हुए उसे खींचकर बाहर निकाला।

Image

मोक्ष मार्ग में फंसी महिला (तस्वीर साभार-@amshilparaghu)

Viral Video: आस्था और अंधविश्वास के बीच की महीन रेखा जब मिट जाती है, तो धार्मिक स्थल हादसों के केंद्र बन जाते हैं। तमिलनाडु के मशहूर तिरुवन्नमलाई में स्थित अरुणाचल गिरि (Arunachala Giri) के दक्षिणी मार्ग पर ऐसा ही एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां 'मोक्ष मार्गम' नाम की अत्यंत संकरी चट्टानी गुफा से गुजरने के चक्कर में एक महिला बुरी तरह फंस गई और सांस न ले पाने के कारण मौत के मुंह में जाते-जाते बची। इस पूरे मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसे देखकर लोग हैरान हैं।

    क्या है वायरल वीडियो में?

    हाल ही में सामने आए इस हैरान कर देने वाले वीडियो में देखा जा सकता है कि एक महिला पत्थरों के बीच बने बेहद तंग रास्ते में आधी अंदर और आधी बाहर फंसी हुई है। गुफा इतनी संकरी है कि महिला न आगे बढ़ पा रही थी और न ही पीछे हट पा रही थी। दम घुटने और घबराहट के कारण महिला की हालत बिगड़ने लगी। गनीमत यह रही कि आसपास मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने तुरंत तत्परता दिखाई। काफी मशक्कत के बाद महिला के हाथ और शरीर को पकड़कर धीरे-धीरे बाहर खींचा गया। जरा सी देरी महिला की जान ले सकती थी। देखें वीडियो...

    कुछ ही दिन पहले हुई थी युवक की मौत

    यह घटना इसलिए और भी चिंताजनक है, क्योंकि कुछ ही दिनों पहले आंध्र प्रदेश के राजमहेंद्रवरम के रहने वाले 36 वर्षीय मणिकुमार की इसी 'मोक्ष मार्गम' में फंसने से मौत हो चुकी है। मणिकुमार संकरे पत्थर में फंस गए थे, जहां उन्हें सांस लेने में भारी तकलीफ हुई और अस्पताल ले जाते समय उन्होंने दम तोड़ दिया था। इस दुखद घटना के महज कुछ दिनों बाद ही यह दूसरा बड़ा हादसा सामने आ गया।

    'मोक्ष मार्गम' का सच

    स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, लोगों का मानना है कि इस संकरी चट्टान के बीच से शरीर को रगड़ते हुए निकलने से इंसान को 'मोक्ष' प्राप्त होता है। इसी आस्था के कारण हर दिन सैकड़ों श्रद्धालु अपनी जान जोखिम में डालकर इस बेहद पतली दरार से गुजरने का प्रयास करते हैं। वहीं, लगातार हो रहे हादसों और मौत के बाद अब स्थानीय प्रशासन और मंदिर प्रबंधन पर सवाल उठ रहे हैं। जागरूक लोगों और श्रद्धालुओं की मांग है कि इस जानलेवा संकरे रास्ते पर तत्काल प्रभाव से घेराबंदी की जाए या वहां सुरक्षा गार्ड तैनात किए जाएं ताकि लोग अंधविश्वास के चक्कर में अपनी जान जोखिम में न डालें।

    Kaushlendra Pathak
    कौशलेंद्र पाठकauthor

    कौशलेंद्र पाठक टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में वायरल सेक्शन के लीड के रूप में कार्यरत हैं। मास कम्युनिकेशन में मास्टर डिग्री हासिल करने के बाद उनका सफर ग्राउंड रिपोर्टिंग से डिजिटल डेस्क तक फैला, जहां उन्होंने कंटेंट की विविध शैलियों को नजदीक से समझा। अजब-गजब, अनोखी, सोशल और ट्रेंडिंग कंटेंट पर उनकी गहरी पकड़ और तेज न्यूज सेंस ने उन्हें डिजिटल दुनिया में एक अलग पहचान दिलाई। वायरल सेक्शन के लीड के रूप में कौशलेंद्र का ध्यान हमेशा ऐसे कंटेंट पर रहता है जो रीडर्स को नई, दिलचस्प और अनजानी कहानियों से रूबरू कराए—हर बार कुछ अलग, कुछ नया।

    और पढ़ें
    End of Article