BJP-JDS Alliance: कर्नाटक के राजनीतिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है। राज्य में बीजेपी और जेडीएस के बीच आगामी लोकसभा चुनाव 2024 को लेकर गठबंधन लगभग तय हो गया है। कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के दिग्गज नेता बीएस येदियुरप्पा के ऐलान से साफ हो गया है कि भारतीय जनता पार्टी और जनता दल (सेकुलर) (जेडीएस) के बीच गठबंधन अब निश्चित है। बताया जा रहा है कि लोकसभा की 24 सीटों पर बीजेपी और 4 सीटों पर जेडीएस चुनाव लड़ेगी। 13 सितंबर को दिल्ली में औपचारिक एलान किया जाएगा। जेडीएस को मांड्या, हासन, बैंगलुरु ग्रामीण और चिकबल्लापुर सीटे मिलेंगी।
येदियुरप्पा ने कहा कि बीजेपी और जेडीएस गठबंधन अंतिम दौर में है। कर्नाटक की राजनीति और 2024 में आगामी लोकसभा चुनावों के लिए येदियुरप्पा की ये घोषणा के गहरे सियासी मायने हैं। इसे नए बने विपक्षी गठबंधन इंडिया के लिए एक झटका माना जा सकता है जो हर प्रदेश में बीजेपी के खिलाफ नए पार्टियों को जोड़ने की मुहिम में लगा हुआ है।
येदियुरप्पा ने सीट बंटवारे का भी खुलासा किया
गठबंधन पर मुहर लगने का संकेत देते हुए येदियुरप्पा ने सीट बंटवारे का भी खुलासा किया, जिसमें कहा गया कि बीजेपी ने जेडीएस को हसन, मांड्या और बेंगलुरु ग्रामीण जैसी सीटें देने का फैसला किया है। येदियुरप्पा ने कहा, मुझे खुशी है कि देवेगौड़ा जी ने हमारे प्रधानमंत्री से मुलाकात की और उन्होंने पहले ही लगभग 4 सीटें फाइनल कर ली हैं। मैं उनका स्वागत करता हूं। 2024 में लोकसभा चुनाव के लिए बीजेपी और जेडीएस के साथ आने की संभावना के बारे में पहले ही अटकलें चल रही थीं। यह कदम केरल में भाजपा के साथ गठबंधन बनाने के जेडीएस के फैसले के बाद भी आया है, जो दक्षिण में बदलते समीकरणों का संकेत देता है।
बीजेपी-जेडीएस गठबंधन साबित हो सकता है गेमचेंजर
कर्नाटक विधानसभा चुनाव के बाद बीजेपी-जेडीएस गठबंधन को लेकर अटकलें तेज हो गई थीं और पूर्व सीएम बसवराज बोम्मई समेत कई प्रमुख नेताओं ने दोनों पार्टियों के साथ आने की संभावना जताई थी। जुलाई में बोम्मई ने संकेत दिया था कि अगर यह गठबंधन बनता है, तो यह आगामी लोकसभा चुनावों में बहुत महत्वपूर्ण होगा। मई में हुए कर्नाटक विधानसभा चुनावों में कांग्रेस 135 सीटों के साथ सत्ता में वापसी की। बीजेपी 66 सीटों के साथ दूसरे और जद (एस) 19 सीटों के साथ तीसरे स्थान पर रही। आगामी लोकसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए बीजेपी और जेडीएस के बीच यह गठबंधन राज्य के राजनीतिक परिदृश्य में गेम-चेंजर साबित हो सकता है।
