Vishwakarma Yojana: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण विश्वकर्मा योजना (Vishwakarma Yojana) के तहत कारीगरों को दिए जाने वाले लोन पर 8 प्रतिशत तक की सब्सिडी देने की बात कही है। उन्होंने योजना के लॉन्च कार्यक्रम के दौरान कहा, सरकार ने पहले ही बजट 2023-24 में 13,000 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। विश्वकर्मा योजना पर और ज्यादा गहराई से समझाते हुए, वित्त मंत्री ने कहा कि कारीगरों को 5 प्रतिशत की बहुत सस्ती ब्याज दर पर कॉलेटरल फ्री लोन दिया जाएगा।
लाभार्थी की पहचान तीन-स्तरीय दृष्टिकोण से की जाएगी
उन्होंने कहा कि इस योजना में बढ़ई, सुनार, लोहार, राजमिस्त्री, पत्थर की मूर्ति बनाने वाले, नाई और नाव बनाने वाले समेत 18 गतिविधियां शामिल हैं, उन्होंने कहा कि सरकार 3 लाख रुपए तक का लोन देगी। उन्होंने कहा, शुरुआत में 1 लाख रुपए का लोन दिया जाएगा और लाभार्थी 18 महीने के पुनर्भुगतान कार्यक्रम के बाद अतिरिक्त 2 लाख रुपए के लिए पात्र होगा। प्रत्येक लाभार्थी को 500 रुपए के दैनिक वजीफे के साथ 5 दिनों का कौशल प्रशिक्षण मिलेगा। उन्होंने कहा, हर एक लाभार्थी की पहचान तीन-स्तरीय दृष्टिकोण के माध्यम से की जाएगी।
टूलकिट के लिए 15,000 रुपए की ग्रांट मिलेगी
वित्त मंत्री ने कहा कि इसके अलावा, टूलकिट प्रोत्साहन के रूप में 15,000 रुपए की ग्रांट दी जाएगी। डिजिटल लेनदेन के लिए महीने में 100 लेनदेन तक करने पर प्रति लेनदेन एक रुपए का प्रोत्साहन प्रदान किया जाएगा। इससे अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC), महिलाओं और कमजोर वर्ग के लोगों को काफी फायदा होगा। योजना के घटकों में न केवल वित्तीय सहायता बल्कि एडवांस कौशल प्रशिक्षण, आधुनिक डिजिटल तकनीकों और कुशल हरित प्रौद्योगिकियों का ज्ञान, ब्रांड प्रचार, स्थानीय और वैश्विक बाजारों के साथ जुड़ाव, डिजिटल भुगतान और सामाजिक सुरक्षा तक पहुंच भी शामिल होगी।
