बिजनेस

अस्पताल में इलाज कराना होगा ज्यादा आसान, 40 करोड़ लोगों को होगा फायदा

  • Authored by: आशीष कुशवाहा
  • Updated Sep 23, 2023, 02:19 PM IST

Health insurance cashless claim: टेक्नोलॉजी के आने से कैशलेस पेमेंट या निपटान प्रणाली (Settlement System) का इस्तेमाल बहुत तेजी से बढ़ा है और अब इस फेहरिस्त में एक और सेक्टर का नाम जुड़ने वाला है।

Image

मेडिकल-इंश्योरेंस पॉलिसीहोल्डर्स को इससे फायदा होने की संभावना है।

Photo : iStock

Health insurance cashless claim: टेक्नोलॉजी के आने से कैशलेस पेमेंट या निपटान प्रणाली (Settlement System) का इस्तेमाल बहुत तेजी से बढ़ा है और अब इस फेहरिस्त में एक और सेक्टर का नाम जुड़ने वाला है। इंश्योरेंस रेग्युलेटरी और डेवलपमेंट अथॉरिटी (IRDAI) जल्द ही मेडिकल इंश्योरेंस का निपटारा कैशलेश तरीके से करने की प्रक्रिया लागू करने पर विचार कर रही है।

100% कैशलेस होगी सुविधा

इंश्योरेंस रेग्युलेटर ने अस्पतालों की सामान्य पैनल प्रक्रिया और 100% कैशलेस समिति को देश भर के अस्पतालों में पूरी तरह से कैशलेस मेडिकल इंश्योरेंस निपटान को लागू करने पर एक रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया है। फिलहाल देश में 49% यानि कि लगभग 25,000 अस्पतालों में कैशलेस निपटान (Settlement) सुविधा उपलब्ध है।

40 करोड़ लोगों को फायदा

यह स्कीम लागू होने के बाद लगभग 40 करोड़ मेडिकल-इंश्योरेंस पॉलिसीहोल्डर्स को इससे फायदा होने की संभावना है। इंश्योरेंस कंपनियों और अस्पतालों के बीच हाल ही में हुई कहासुनी के बीच IRDAI ऐसी घटनाओं को हल करने के तरीके तलाश रहा है।

आशीष कुशवाहा
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

और पढ़ें
End of Article