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क्या नौकरी पर खतरा है ChatGPT, बिना गलती घंटों का काम करता है सेकंडों में

  • Authored by: अंशुमन साकल्ले
  • Updated Feb 7, 2023, 07:44 PM IST

इन दिनों दुनियाभर में सिर्फ ChatGPT का नाम ही ट्रेंडिंग है क्योंकि एआई बेस्ड इस ऐप को 2 महीने में 10 करोड़ यूजर्स ने इस्तेमाल करना शुरू किया है. यहां हम आपको बता रहे हैं कैसे चैटजीपीटी नौकरी पर खतरा बन गया है.

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एक मीडिया रिपोर्ट में सामने आया है कि जनवरी 2023 में इस ऐप ने 1.3 मिलियन यूजर्स रोजाना जोड़े हैं.

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KEY HIGHLIGHTS
  • क्या नौकरी पर खतरा है चैटजीपीटी
  • सेकंडों में कर देता है घंटों का काम
  • 2 महीने में 10 करोड़ यूजर्स जुटाए

ChatGPT: AI तकनीक पर काम करने वाला एक नया ऐप इस समय ट्रेंडिंग है जिसका एक नाम चैटबॉट भी है और इसने सबसे तेजी से 10 करोड़ यूजर्स जुटाने का रिकॉर्ड कायम किया है. ये कारनामा चैटजीपीटी ने लॉन्च होने के महज 2 महीने में कर दिखाया है. एक मीडिया रिपोर्ट में सामने आया है कि जनवरी 2023 में इस ऐप ने 1.3 मिलियन यूजर्स रोजाना जोड़े हैं. लेकिन इस कदर तेजी से फेमस होने के साथ-साथ क्या चैटजीपीटी बहुत से लोगों की नौकरियां खा जाएगा? इस खबर में हम आपको यही जानकारी दे रहे हैं.

इन प्लेटफॉर्म को पछाड़ा

चैटजीपीटी ने इंस्टाग्राम और टिकटॉक जैसे पॉपुलर सोशल मीडिया ऐप्स को पछाड़ा है जिन्होंने क्रमशः 2.5 साल और 9 महीने में 10 करोड़ यूजर्स का आंकड़ा पार किया था. चैटजीपीटी पिछले साल दिसंबर में पेश किया गया था जिसे एलोन मस्क के निवेश वाले ओपनएआई ने तैयार किया है. यहां चैटबॉट आपके सवालों के जवाब देने के लिए ट्रेन्ड है, आपको यहां सिर्फ अपना सवाल लिखना होगा और चुटकियों में बॉट आपको पूरे के पूरे जवाब दे देगा. यहां तक कि क्रॉस क्वेश्चनिंग का भी ये जवाब देता है.

नौकरी पर क्यों खतरा है चैटजीपीटी?

इस ऐप के माध्यम से सारा काम कुछ सेकंडों में बिना किसी मिस्टेक के पूरा हो जाता है. इस स्थिति में बहुत जगहों पर मनुष्य के हस्तक्षेप की जरूरत ही नहीं रह जाती और सारा काम आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा पूरा हो जाता है. कहने का मतलब जो काम इंसान पूरे दिन में करता है वो काम चैटजीपीटी कुछ ही मिनटों में कर लेता है, मसलन पत्रकारिता में खबरें लिखने का जो काम हम सब करते हैं, वही काम चैटजीपीटी भी कर सकता है. हम लोगों से कई बार मात्रा की गलती हो जाती है, लेकिन चैटजीपीटी इस तरह की कोई गलती नहीं करता.

अंशुमन साकल्ले
अंशुमन साकल्लेauthor

अंशुमन साकल्ले जून 2022 से टाइम्स नाउ नवभारत (www.timesnowhindi.com/) में बतौर सीनियर स्पेशल करेस्पॉन्डेंट कार्यरत हैं। ये ईएमएमसी, दैनिक भास्कर, एनडीटीवी और जी न्यूज डिजिटल में काम करने के बाद संस्थान से जुड़े। इन्हें सभी मुख्य बीट्स पर काम करने का अनुभव है और ये 12 वर्ष से भी ज्यादा इसी पेशे में गुजार चुके हैं। एक्सपर्टीज की बात करें तो ऑटो और टेक से जुड़ी तमाम खबरों का जिम्मा यही संभाल रहे हैं। ऑन ग्राउंड रिपोर्ट हो या वीडियो या फिर गाड़ियों का रिव्यू, ये हमेशा अलग-अलग एंगल से खबरों को रोचक बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ते। भोपाल के रहने वाले अंशुमन बड़े घुमक्कड़ हैं और ये देश की लगभग सभी प्रचलित जगहों पर अपनी मौजूदगी दर्ज कर चुके हैं। एनडीटीवी से लेकर अब तक इन्होंने सिर्फ ऑटोमोबाइल जगत से जुड़ी खबरों पर ही काम किया है, हालांकि कोर बीट से इतर चुनाव, बजट या किसी भी बडे इवेंट पर इन्हें बड़ी और महत्वपूर्ण खबरों की जिम्मेदारी भी दी जाती है। इन सबके अलावा राजनीति में भी इन्हें खासी दिलचस्पी है, यही वजह है कि मध्यप्रदेश की पॉलिटिक्स को ये बहुत गहराई से जानते हैं।

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