Jammu Kashmir: जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला (Omar Abdullah) ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को करार जवाब दिया है। दरअसल अनुच्छेद 370 के हटने की सातवीं बरसी पर शहबाज शरीफ ने इसके हटाये जाने का रोना रोया था। अब जब इसी को लेकर उमर अब्दुल्ला से सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा ये पाकिस्तान खुद पीओके (PoK) में मानवाधिकार का उल्लंघन कर रहा है, उसे वहां के हालात सुधारने चाहिए।
उमर अब्दुल्ला ने क्या कहा?
शहबाज शरीफ के बयान पर ANI से उमर अब्दुल्ला ने कहा, "वे ही जम्मू-कश्मीर के उस हिस्से में मानवाधिकारों का उल्लंघन कर रहे हैं जो उनके नियंत्रण में है। हाल ही में उन्होंने कितने लोगों को मारा है? 5 अगस्त को लेकर हमारी अपनी शिकायतें हैं, लेकिन यह हमारा अंदरूनी मामला है। इसका पाकिस्तान से कोई लेना-देना नहीं है।"
शरीफ को अब्दुल्ला ने दिखाया आइना
उन्होंने पाकिस्तान से यह भी कहा कि वह भारत के अंदरूनी मामलों में दखल न दे और पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) के मुद्दों को सुलझाने पर ध्यान दे। अब्दुल्ला ने कहा, "उन्हें इन मामलों में दखल देना बंद करना चाहिए। उन्हें उस इलाके में हालात सुधारने चाहिए जिस पर उनका कब्जा है। उन्हें वहां रेंजर्स के हाथों हो रहे मानवाधिकारों के उल्लंघन और हत्याओं को रोकना चाहिए। हम अपने हिस्से के मामलों को केंद्र सरकार के साथ सुलझा लेंगे, लेकिन उन्हें हमारे मामलों में दखल नहीं देना चाहिए।"
शहबाज शरीफ का मुंगेरीलाल का सपना
पाकिस्तान पीएम शहबाज शरीफ ने कहा कि 5 अगस्त 2019 को भारत द्वारा जम्मू-कश्मीर में उठाए गए एकतरफा और अवैध कदम अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन करते हैं। उन्होंने जम्मू कश्मीर में 370 के फिर से बहाल करने और कब्जा करने की बात की थी। शहबाज शरीफ जब जम्मू कश्मीर पर ये बात कह रहे थे, जब पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में नागरिकों के साथ बेतहशा दरिंदगी की जा रही थी और की जा रही है। दर्जनों लोग पाकिस्तानी सेना की गोलियों का निशाना बन चुके हैं। चुनाव के नाम पर हिंसा का तांडव चल रहा है।
