Andhra Pradesh Tourism: आंध्र प्रदेश पर्यटन विभाग ने 1 जनवरी, 2025 से राज्य भर में लोकप्रिय समुद्र तटों पर प्रवेश शुल्क शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य पर्यटन के बुनियादी ढांचे को बढ़ाने के साथ ही स्वच्छता बनाए रखने और सतत विकास को बढ़ावा देना है। 1 जनवरी 2025 से आंध्र प्रदेश के बीच पर घूमने वाले पर्यटकों से 15 रुपये से 20 रुपये का प्रवेश शुल्क लिया जाएगा।
आंध्र प्रदेश के कई प्रसिद्ध समुद्र तट जैसे माईपाडु समुद्रतट, काकीनाडा बीच, रामायपट्टनम समुद्र तट, रुशिकोंडा बीच, सूर्यलंका समुद्र तट पर ये शुल्क लिया जाएगा। ये समुद्र तट सुंदर होने के साथ ही पर्यटकों के घूमने के लिए आदर्श स्थान हैं। सप्ताह के दिनों में प्रतिदिन यहां औसतन लगभग 3000 पर्यटक आते हैं वहीं वीकेंड पर ये संख्या तकरीबन-तकरीबन 50,000 तक हो जाती है।
मालूम हो कि इन शुल्क का उपयोग समुद्र तटों पर सफ़ाई बनाए रखने के लिए किया जाएगा। इन जगहों की प्राकृतिक सुंदरता को संरक्षित करने और उन्हें पर्यटकों के लिए अधिक आकर्षक बनाने के लिए नियमित रखरखाव करना अति आवश्यक है।
राजस्व का एक हिस्सा समुद्र तटों पर बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए रखा जा रहा है। जिसमें बेहतर सुविधाएं, बेहतर सड़कें और आगंतुकों के लिए बेहतर सुविधाएं शामिल हैं। बता दें कि पर्यटन विभाग ने अनुमान लगाया है कि प्रवेश शुल्क से इन समुद्र तटों पर बड़ी संख्या में आगंतुकों को प्रबंधित करने में मदद मिलेगी।
