Kedarnath Yatra 2025: उत्तराखंड राज्य के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित केदारनाथ यात्रा एक धार्मिक तीर्थ यात्रा है। 2 मई से कपाट खुल गए हैं ऐसे में अगर आप अत्यंत पवित्र यात्रा के लिए प्लान कर रहे हैं तो ये यात्रा गाइड आपके बेहद काम आ सकती है। केदरनाथ कैसे पहुंचें से लेकर रुकने की व्यवस्था यहां सबकुछ डिटेल में बताया गया है। ये यात्रा गाइड ट्रैवल से पहले आपके बेहद काम आ सकती है।
केदारनाथ कैसे पहुंचें
केदारनाथ तक सीधी सड़क नहीं जाती है। ऋषिकेश से गुप्तकाशी होते हुए सोनप्रयाग पहुंचें यहां तक पहुंचने के लिए अंतिम सड़क मार्ग गौरीकुंड तक है। गौरीकुंड से केदारनाथ के लिए 16 किलोमीटर का ट्रैक करना होता है। इसके अलावा फाटा, गुप्तकाशी, और सिरसी से हेलिकॉप्टर सेवा भी उपलब्ध है।
हरिद्वार/ऋषिकेश → रुद्रप्रयाग → गुप्तकाशी/ सोनप्रयाग → गौरीकुंड
पैदल ट्रैक: गौरीकुंड से केदारनाथ (गौरीकुंड → जंगलचट्टी → भीमबली → लिनचोली → केदारनाथ)
पैकिंग चेकलिस्ट
- गर्म कपड़े (केदारनाथ में तापमान 0°C तक जा सकता है)
- टॉर्च, पावर बैंक
- दवाइयां (ऊँचाई पर सांस की दिक्कत या थकावट हो सकती है)
- आधार कार्ड/ID प्रूफ
- ट्रैकिंग शूज
- रेनकोट/वाटरप्रूफ जैकेट
रुकने की व्यवस्था
गौरीकुंड, सोनप्रयाग, गुप्तकाशी के पास आपको स्टे के लिए होटल/गेस्ट हाउस मिल जाएंगे। इसके अतिरिक्त गढ़वाल मंडल विकास निगम केदारनाथ मंदिर के पास टेंट, डॉर्मिटरी, या लॉज बुक किए जा सकते हैं।
जानें का बेस्ट टाइम
मई से जून के बीच केदारनाथ धाम की यात्रा करना सबसे उपयुक्त समय है। इस दौरान मौसम सुखद और सुहावना होता है साथ ही रास्ते भी क्लियर रहते हैं। जुलाई से सिंतबर यानि मानसून के महीने के दौरान आप केदारनाथ की यात्रा करने से बच सकते हैं।
