इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनल सेलेक्शन - IBPS, एक केंद्रीय रिक्रूटमेंट एजेंसी है, जो भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत है। इस परीक्षा को आयोजित करने के पीछे का उद्देश्य अंडर ग्रेजुएट, पोस्ट ग्रेजुएट और डॉक्टरेट डिग्री हासिल किए हुए युवाओं को बैंकों में रोजगार देने का था। आईबीपीएस की परीक्षा देकर आवेदक भारत के नेशनल एवं क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों में ग्रुप A, ग्रुप B, ग्रुप C और ग्रुप D ऑफिसर के रूप में नियुक्त हो सकता है। 1975 में स्थापित इस संगठन द्वारा IBPS PO/MT, IBPS SO, IBPS क्लर्क, IBPS RRB ऑफिस असिस्टेंट/ ऑफिसर स्केल 1,2,3 जैसी परीक्षाएं करवाई जाती हैं।
IBPS की परीक्षा देने के लिए उम्मीदवार का बैचलर डिग्री धारक होना बहुत आवश्यक है। हालांकि आईबीपीएस कुछ इस तरह की परीक्षाओं का आयोजन भी करता है, जो 12वीं पास विद्यार्थियों को क्लर्क, डाटा एंट्री ऑपरेटर के रूप में रोजगार प्रदान कर सकती हैं। इन पदों पर नियुक्त होने के लिए उम्मीदवारों का चयन प्रीलिम्स और मेंस दोनों एग्जाम में होना आवश्यक है। विभिन्न पदों के लिए उम्र सीमा अलग अलग होती है, लेकिन सामान्य तौर पर ये 20 से 28 साल की उम्र के बीच की मानी जाती है। परीक्षा में मुख्यत इंग्लिश, क्वांटिटेटिव एबिलिटी, रीजनिंग एबिलिटी, कंप्यूटर का ज्ञान, सामान्य ज्ञान, अर्थशास्त्र और बैंकिंग सेक्टर की जानकारी होना अति आवश्यक है।