PM Narendra Modi: राजस्थान के आबू रोड (Abu Road) पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विशाल सभा को संबोधित करने के लिए माइक (Mic) का इस्तेमाल नहीं किया क्योंकि वे रात 10 बजे के बाद लाउडस्पीकर का उपयोग करने के किसी भी नियम का उल्लंघन नहीं करना चाहते थे। इससे पहले गुजरात के अंबाजी में पीएम मोदी ने कहा कि तरंगा-अंबाजी-आबू रोड रेल लाइन की कल्पना लगभग 100 साल पहले ब्रिटिश शासन के दौरान की गई थी और ये परियोजना महत्वपूर्ण थी लेकिन कांग्रेस के नेतृत्व वाली तत्कालीन संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार ने इसे मंजूरी नहीं दी थी।
पीएम मोदी ने बिना माइक के किया विशाल सभा को संबोधित
पीएम मोदी को देखने के लिए जुटी लोगों की भारी भीड़
पीएम मोदी ने कहा कि उनके मुख्यमंत्रित्व काल में गुजरात सरकार (Gujarat Government) द्वारा इसके लिए एक प्रस्ताव प्रस्तुत करने के बावजूद संप्रग सरकार ने इसे मंजूरी नहीं दी। प्रधानमंत्री ने गुजरात के बनासकांठा जिले के अंबाजी शहर में इसी रेलवे परियोजना के लिए आधारशिला रखने के बाद एक जनसभा में यह टिप्पणी की। पीएम मोदी ने कांग्रेस पर परोक्ष रूप से हमला करते हुए कहा कि अंग्रेजों ने लगभग 100 साल पहले 1930 में तरंगा हिल, अंबाजी और आबू रोड को जोड़ने वाली रेलवे लाइन बिछाने का निर्णय लिया था, लेकिन दुर्भाग्य से आजादी के बाद भी दशकों तक कोई फैसला नहीं लिया गया।
पीएम मोदी ने कहा कि गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में मैंने केंद्र को एक प्रस्ताव भेजा था, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया क्योंकि सरकार किसी और पार्टी की थी। कांग्रेस ने 2004 से 2014 तक केंद्र में संप्रग गठबंधन सरकार का नेतृत्व किया था। क्षेत्र में जारी विकास गतिविधियों का हवाला देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि मैं ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ की तर्ज पर मेहसाणा के धरोई बांध से गुजरात के बनासकांठा जिले के अंबाजी तक पूरे क्षेत्र का विकास करना चाहता हूं। ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ नर्मदा जिले में एक प्रमुख पर्यटक केंद्र है। पीएम मोदी गुजरात के दो दिवसीय दौरे पर हैं, जहां साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने हैं।
