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परिसीमन मुद्दे पर बिफरे स्टालिन, कहा- सत्ता बरकरार रखने के लिए कदम उठा रही बीजेपी, द्रमुक करेगी नाकाम

परिसीमन मुद्दे पर स्टालिन ने कहा, भाजपा अपने दबदबे वाले राज्यों में सीटों की संख्या बढ़ाने और पार्टी को और मजबूत करने की कोशिश कर रही, लेकिन द्रमुक इसे विफल कर देगी।

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परिसीमन मुद्दे पर नाराज स्टालिन

Photo : PTI

Stalin on Delimitation: संसदीय क्षेत्रों के परिसीमन मुद्दे पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने भारतीय जनता पार्टी को निशाने पर लिया है। स्टालिन ने कहा कि भाजपा उत्तरी राज्यों में जीत हासिल कर सत्ता बरकरार रखने के कदम उठा रही है। परिसीमन मुद्दे पर स्टालिन ने कहा, भाजपा अपने दबदबे वाले राज्यों में सीटों की संख्या बढ़ाने और पार्टी को और मजबूत करने की कोशिश कर रही, लेकिन द्रमुक इसे विफल कर देगी।

मांगा मुख्यमंत्रियों से सहयोग

बता दें कि केंद्र सरकार के परिसीमन योजना के खिलाफ मोर्चा खोल चुके तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन दक्षिण के राज्यों सहित सात प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिख चुके हैं। दक्षिण भारत के राज्यों के अलावा स्टालिन ने पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पंजाब के अपने समकक्षों को लिखे पत्र में उनसे सहयोग की मांग की। स्टालिन ने कहा कि केंद्र सरकार के परिसीमन प्रस्ताव के खिलाफ एक संयुक्त एक्शन कमेटी बनाए जाने की बात कही है। राज्यों को आगाह करते हुए सीएम ने कहा कि परिसीमन का यह प्रस्ताव तमिलनाडु जैसे राज्यों का प्रभाव कम कर सकता है क्योंकि देश के बेहतर भविष्य के लिए तमिलनाडु ने अपनी आबादी पर सफलतापूर्वक नियंत्रण पाया है।

स्टालिन की दलील

स्टालिन का कहना है कि खासकर इससे वे राज्य ज्यादा प्रभावित होंगे जिन्होंने अपनी आबादी को नियंत्रित किया है और जिनका प्रशासन बेहतर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2026 की जनगणना के आधार पर परिसीमन यदि होता है तो आबादी पर नियंत्रण पाने वाले राज्यों का संसदीय प्रतिनिधित्व कम हो सकता है। स्टालिन का कहना है कि इस तरह से ऐसे राज्यों के साथ यह अन्याय होगा। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया पर केंद्र सरकार ने पूरी तरह से स्पष्टता नहीं दी है, केवल भरोसा दे रही है।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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