देश

Bihar Floor Test: हो गया बिहार में खेला? इधर राज्यसभा के लिए पत्ता कटा, उधर जीतन राम मांझी ने फोन बंद किया!

  • Authored by: शिशुपाल कुमार
  • Updated Feb 11, 2024, 11:06 PM IST

Bihar Floor Test: जब बीजेपी की ओर से नामों की घोषणा हुई तो मांझी का नाम उसमें शामिल नहीं था, जिसके बाद से सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि मांझी ने अपना फोन बंद कर लिया है।

Image

जीतन राम मांझी का फोन बंद- सूत्र

Photo : PTI

Bihar Floor Test: बिहार में नीतीश कुमार की सरकार रहेगी या जाएगी, इसका फैसला कल होना है। नीतीश कुमार के छठी बार पलटी मारने और 9वीं बार बिहार सीएम का शपथ लेने के कुछ दिनों बाद बिहार की राजनीति फिर से पलटती दिख रही है। दरअसल नीतीश कुमार को सोमवार को अपना बहुमत विधानसभा में साबित करना है। पहले ये आसान लग रहा था, लेकिन पर्दे के पीछे से लालू यादव की ओर से 'खेला' शब्द उछालने के बाद नीतीश के लिए मुश्किलें पैदा हो गई हैं। सूत्रों के हवाले से खबर है कि इस बहुमत परीक्षण के दौरान सबसे महत्वपूर्ण रोल अदा करने वाले जीतन राम मांझी ने अपना फोन बंद कर लिया है।

राज्यसभा के लिए कटा टिकट तो फोन बंद?

रविवार शाम ही बीजेपी की ओर से राज्यसभा चुनाव के लिए नामों की घोषणा की गई है, जिसमें जीतन राम मांझी का नाम नहीं है। कहा जा रहा था कि नीतीश को समर्थन देने के बदले जीतन राम मांझी ने कुछ शर्तें रखी थीं। जिसमें राज्य में दो मंत्री पद और एक राज्यसभा सीट। लेकिन आज जब बीजेपी की ओर से नामों की घोषणा हुई तो मांझी का नाम उसमें शामिल नहीं था, जिसके बाद से सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि मांझी ने अपना फोन बंद कर लिया है। सूत्रों के अनुसार जदयू से लेकर बीजेपी तक के नेता जीतन राम मांझी से संपर्क करने की कोशिश में हैं, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया है।

क्यों महत्वपूर्ण हैं जीतन राम मांझी

दरअसल आज की तारीख में बिहार विधानसभा में बहुमत को जो समीकरण है उसमें जीतन राम मांझी की पार्टी हम का रोल काफी अहम है। ऐसे तो जदयू और भाजपा को मिलाकर बहुमत हो जाएगा, लेकिन अगर जदयू के कुछ विधायक गायब हुए, जैसे की आशंका है तो मांझी ही नीतीश की सरकार बचा सकते हैं। अगर मांझी राजद की ओर गए तो तेजस्वी सीएम बन जाएंगे।

शिशुपाल कुमार
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

और पढ़ें
End of Article