Sunny Deol Lahore 1947 story LEAKED: बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री के 'जख्मी शेर' सनी देओल (Sunny Deol) की किस्मत गदर 2 (Gadar 2) के बाद बदल गई है। अनिल शर्मा (Anil Sharma) के डायरेक्शन में बनी गदर 2 बॉक्स ऑफिस पर सफल रही और इसने 500 करोड़ से भी ज्यादा रुपये अपने खाते में जोड़े थे। गदर 2 की बम्पर सफलता के बाद सनी देओल के पास बड़ी-बड़ी फिल्मों के ऑफर्स की झड़ी लग गई, जिनमें से उन्होंने कुछ फिल्में साइन भी किए हैं। इन्हीं में से एक लाहौर 1947 (Lahore 1947 Movie) है, जिसे आमिर खान (Aamir Khan) के बैनर तले बनाया जा रहा है। फिल्म लाहौर 1947 का डायरेक्शन राजकुमार संतोषी (Rajkumar Santoshi) कर रहे हैं, जिनके साथ सनी देओल का बेहतरीन ट्रैक रिकॉर्ड रहा है। लाहौर 1947 के साथ सनी देओल, आमिर खान, प्रीतिं जिंटा (Preity Zinta) और राजकुमार संतोषी जैसे मंझे हुए खिलाड़ियों का नाम जुड़ा है, जिस कारण ट्रेड पंडित इसकी सफलता की गारंटी देते नहीं थक रहे हैं। इतने बड़े-बड़े नामों के साथ-साथ एक और बड़ी चीज है, जो लाहौर 1947 की सफलता की गारंटी दे रही है और वो इसकी कहानी है।

सनी देओल की इस मूवी का निर्देशन राजकुमार संतोषी कर रहे हैं। इस फिल्म में सनी देओल को एकदम अलग अंदाज में देखा जाएगा। फिल्म को आमिर खान के बैनर तले बनाया जा रहा है।
महान लेखक असगर वजाहत के मशहूर प्ले जिस लाहौर नई देख्या, ओ जम्याइ नई पर आधारित है सनी देओल की लाहौर 1947
गदर 2 की बम्पर सफलता के बाद आमिर खान ने सनी देओल को फिल्म लाहौर 1947 का ऑफर दिया था। गदर 2 की सक्सेस पार्टी में आमिर खान ने लाहौर 1947 की कहानी सुनाई, जो सनी पाजी को काफी पसंद आई थी। आमिर ने इसी पार्टी के दौरान सनी को बताया कि राजकुमार संतोषी फिल्म का डायरेक्शन करेंगे, जिसके बाद जाट एक्टर का दिल खुश हो गया। राजकुमार संतोषी को सनी ने ही कभी इंडस्ट्री में चांस दिया था। सनी देओल ने तुरंत फिल्म लाहौर 1947 साइन कर ली और आमिर ने इसका प्रोडक्शन शुरू कर दिया।
लाहौर 1947 की कहानी सुनने के बाद कई लोगों को ऐसा लग रहा है कि सनी पाजी की ये फिल्म भी गदर 2 की तरह होगी, जिसमें भारत-पाकिस्तान के बंटवारे का दुख दिखाया जाएगा और पंजाब के पुत्तर एक हाथ से 10-10 को उड़ाते दिखेंगे लेकिन ऐसा नहीं है। सनी देओल और प्रीति जिंटा की फिल्म लाहौर 1947 की कहानी जाने-माने लेखक असगर वजाहत (Asghar Wajahat) के मशहूर प्ले जिस लाहौर नई देख्या, ओ जम्याइ नई (Jis Lahore Nai Dekhya, O Jamyai Ni) पर आधारित है। असगर वजाहत का ये प्ले भारत-पाकिस्तान बंटवारे के आसपास घूमता है लेकिन इसकी कहानी गदर 2 से काफी अलग है। जिस लाहौर नई देख्या, ओ जम्याइ नई की कहानी एक ऐसे मुस्लिम परिवार के आसपास घूमती है, जो लखनऊ से अपना बोरिया-बिस्तर समेटकर लाहौर पहुंचा है। पाकिस्तानी सरकार ने इस मुसलमान परिवार को रहने के लिए एक लाहौर में एक कोठी दी है, जिसे देखकर सभी खुश हैं लेकिन परेशानी ये है कि इस कोठी में रहने वाला सिंधी परिवार भारत जाते-जाते एक 65 साल की बूढ़ी औरत को छोड़ गया है।

Lahore 1947 Release Date
जब मुसलमान परिवार इस कोठी में पहुंचता है तो उन्हें ये बूढ़ी औरत बड़े घर के साथ मिलती है, जो भारत नहीं गई है। मुसलमान परिवार और बूढ़ी औरत के बीच कोठी को लेकर हुई लड़ाई कब मानवीय प्यार में बदल जाती है और इसका क्या परिणाम मुस्लिम परिवार को मिलता है, यही फिल्म लाहौर 1947 की कहानी है।
भले ही आपको अभी असगर वजाहत (Asghar Wajahat) के प्ले जिस लाहौर नई देख्या, ओ जम्याइ नई की कहानी यूं बहुत ही सामान्य लग रही हो लेकिन जिन्होंने इसे पढ़ा है, वो जानते हैं कि इसकी कहानी कितनी भावुक है। जब ये बड़े पर्दे पर आएगी तो दर्शकों की आंखें नम होना लाजमी है।
लाहौर 1947 में मुस्लिम व्यक्ति का किरदार प्ले करेंगे सनी देओल
अगर असगर वजाहत के प्ले जिस लाहौर नई देख्या, ओ जम्याइ नई की कहानी के किरदारों पर नजर डालें तो इसका मुख्य किरदार सिकंदर मिर्जा है जो 55 साल का व्यक्ति है। सिकंदर मिर्जा लखनऊ छोड़कर अपने पूरे परिवार के साथ लाहौर पहुंचता है। सुनने में आ रहा है कि लाहौर 1947 में सनी देओल सिकंदर मिर्जा का किरदार प्ले करेंगे और प्रीति जिंटा उनकी पत्नी हमीदा बेगम के किरदार में दिखाई देंगी। सनी देओल के जो दर्शक लाहौर 1947 से गदर 2 जैसी उम्मीद पाले बैठे हैं, उन्हें ये फिल्म झटका देगी लेकिन ये पक्का है कि जैसे दर्शक गदर और गदर 2 के दौरान रोए थे, वैसे ही लाहौर 1947 उनकी आंखें नम करेगी।
Aamir Khan ने लाहौर 1947 के पोस्ट प्रोडक्शन पर काम करने के लिए मांगा ज्यादा वक्त
फिल्म जाट के प्रमोशन के दौरान सनी देओल ने बताया है कि वो फिल्म लाहौर 1947 की शूटिंग पूरी कर चुके हैं और आमिर खान की टीम इसके पोस्ट प्रोडक्शन पर काम कर रही है। सनी के अनुसार, आमिर खान ने लाहौर 1947 के पोस्ट प्रोडक्शन के लिए थोड़ा ज्यादा वक्त मांगा है ताकि वो इसे वैसे बना पाएं, जैसे वो बनाना चाहते हैं। यही कारण है कि लाहौर 1947 को अब तक रिलीज नहीं किया जा सका है। वैसे आप फिल्म लाहौर 1947 देखने के लिए कितने उत्साहित हैं, हमें कमेंट में जरूर बताएं।
