स्कूल के सुरक्षित माहौल से निकलकर कॉलेज की दुनिया में कदम रखना हर युवा के लिए एक बड़ा और रोमांचक बदलाव होता है। स्कूल की यूनिफॉर्म से कैजुअल कपड़ों तक का ये सफर हर छात्र इमेजिन करता है। कॉलेज का पहला दिन सिर्फ नए दोस्त बनाने, कैंपस घूमने या डिग्री हासिल करने का स्थान नहीं है। बल्कि यह वो स्थान है को आपकी पर्सनैलिटी को निखारता है, करियर की नींव रखने की शुरुआत करता है, ज्ञान का विस्तार करता है और आपके जीन को एक नई और महत्वपूर्ण दिशा प्रदान करता है।
कॉलेज में अपनाई ये 7 आदतें दिला सकती है सफलता
कॉलेज (College) में पढ़ाई का ये वो समय होता है जहां आप ऐसे अनुभव और स्किल्स हासिल करते हैं, जो आपको आने वाले कल की चुनौतियों के लिए तैयार करते हैं। अगर आप कॉलेज के नए छात्र यानी फ्रेशर हैं, तो शुरुआत से ही इन 7 बातों को अपनी रूटीन का हिस्सा बना लें, जो आपके करियर को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगी।टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें - BPSC Success Story: ब्रेकअप के दर्द को बनाई अपनी ताकत, दिन-रात मेहनत कर पहले एटेम्पट में पास की बीपीएससी परीक्षा, बने अधिकारी
टाइम मैनेजमेंट
स्कूल हो या कॉलेज, टाइम मैनेजमेंट सबसे महत्वपूर्ण है। स्कूल में तो फिर भी टीचर द्वारा टोके जाने पर आप अपनी गलतियों में सुधार कर लेते थे, लेकिन कॉलेज में कोई टोकने वाला नहीं होता है। यहां क्लासेस, असाइनमेंट, दोस्तों और एक्स्ट्रा-करिकुलर एक्टिविटीज के बीच संतुलन बनाना जरूरी है, ताकि आप पढ़ाई के साथ नेटवर्किंग भी कर सकें और कैंपस लाइफ का मजा ले सकें।
नेटवर्किंग पर खास ध्यान दें
कॉलेज में देश-विदेश और अलग-अलग बैकग्राउंड से आने वाले लोग होते हैं। यह नेटवर्किंग के लिए एक बेहतरीन विकल्प है। पहले दिन से ही अपनी झिझक को पीछे छोड़कर और प्रोफेसरों, सीनियरों और अपने बैचमेट्स से बातचीत शुरू करें। कॉलेज के दौरान बनाया गया यह नेटवर्क भविष्य में आपको इंटर्नशिप और जॉब ढूंढने में बहुत मदद कर सकता है।
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इंटर्नशिप के जरिए रिज्यूमे को दें मजबूती
ग्रेजुएशन खत्म होने के बाद नौकरी ढूंढने के लिए इधर-उधर भटकने की बजाए छात्र कॉलेज के पहले-दूसरे साल से ही छोटी-बड़ी इंटर्नशिप या सोशल वर्क वॉलिंटियरिंग करना शुरू कर दें। इससे आपको किताबी ज्ञान को प्रैक्टिकल तौर पर आजमाने का मौका मिलेगा। यह प्रैक्टिकल अनुभव आपके रिज्यूमे को दमदार बनाएगा, जिससे प्लेसमेंट के समय आपको आसानी होगी।
'सेल्फ स्टडी' और क्लास नोट्स बनाना
कॉलेज की पढ़ाई केवल परीक्षाओं के दिनों में रट्टा मारकर नहीं की जा सकती। ज्ञान अर्जित करने के लिए जितना जरूरी प्रोफेसर के क्लास लेक्चरर को अटेंड कर नोट्स बनाना है उतना ही जरूरी सेल्फ स्टडी पर भरोसा करना है। यह नोट्स आपको पढ़ाई करने में मदद करेंगी।
स्किल डेवलपमेंट पर दें खास ध्यान
वर्तमान समय में केवल डिग्री काफी नहीं है, इसके साथ एक छात्र के पास कई स्किल्स होनी चाहिए, जिसमें पब्लिक स्पीकिंग, कंटेंट राइटिंग, मैनेजमेंट आदि शामिल है। कॉलेज में आपको यह सब सीखने को मिलता है। पर्सनैलिटी के साथ पब्लिक स्पीकिंग बेहतरीन होती है। इसके अलावा आप डिग्री के साथ कुछ सॉफ्ट स्किल सिख सकते हैं, जो आपके ज्ञान को और बढ़ाएंगी और आपो निखारने में मदद करेंगी।
कॉलेज क्लब्स और सोसाइटी में हिस्सा लेना
कॉलेज लाइफ (College Life) की सबसे अच्छी बात यह होती है कि यहां पढ़ाई के साथ करिकुलर एक्टिविटी के अच्छे ऑप्शन होता हैं। ढेरों सोसाइटी होती है। आपके कॉलेज में भी ड्रामा, डिबेट, स्पोर्ट्स, टेक या कल्चरल क्लब्स/सोसाइटी जरूर होंगी। इसमें हिस्सा लेकर आपको टीम वर्क, लीडरशिप और प्रॉब्लम सॉल्विंग जैसे गुणों को विकसित करने में सहायता मिलेगी और आप अपने और अपनी रुचियों के बारे में भी जान पाएंगे, जो करियर के लिए अच्छा होगा।
नई चीजों और इवेंट में हिस्सा लें
कैंपस में आए दिन किसी न किसी प्रकार के सेमिनार, वर्कशॉप और इवेंट्स का आयोजन होता रहता है। ऐसे में कहीं छिपकर रहने की बजाए में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। याद रखें, कॉलेज का समय खुद की छिपी हुई काबिलियत को पहचानने का सबसे अच्छा दौर है।
