क्राइम

दिल्लीवासी हो जाएं सावधान! हर दिन औसतन 54 लोग हो रहे लापता; नए आकंड़ों ने उड़ाई सभी की नींद

Delhi Missing Mystery: राष्ट्रीय राजधानी में एक से 15 जनवरी, 2026 के बीच कुल 807 लोग यानी औसतन प्रतिदिन 54 लोग लापता हुए। हालांकि, वर्ष 2025 में दिल्ली में कुल 24,508 लोगों के लापता होने की सूचना मिली, जिनमें 14,870 महिलाएं शामिल हैं।

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वर्ष 2026 के पहले 15 दिनों में दिल्ली में 800 से अधिक लोग लापता हुए (फाइल फोटो)

Delhi Missing Mystery: वर्ष 2026 के पहले 15 दिनों में दिल्ली में 800 से अधिक लोगों के लापता होने की सूचना मिली। इनमें से लगभग दो-तिहाई मामले महिलाओं और लड़कियों के थे। दिल्ली पुलिस के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, एक से 15 जनवरी के बीच कुल 807 लोग यानी औसतन प्रतिदिन 54 लोग लापता हुए। इनमें से 509 महिलाएं और लड़कियां जबकि 298 पुरुष थे।

'पीटीआई-भाषा' मिले आकंड़ों के अनुसार कुल लापता लोगों में से 191 नाबालिग जबकि 616 वयस्क थे। आंकड़ों के अनुसार, लगभग 572 लोग अभी भी लापता हैं, जबकि पुलिस ने लापता लोगों में से 235 का पता लगा लिया है। आंकड़ों से पता चला है कि एक से 15 जनवरी तक प्रतिदिन औसतन 13 बच्चे लापता हुए। लापता कुल 191 नाबालिगों में से 146 लड़कियां थीं। लापता नाबालिगों में 169 किशोर (12 से 18 वर्ष) शामिल थे। इनमें से भी 138 किशोरियां जबकि 31 लड़के थे।

71 फीसदी किशोर अभी भी लापता

पुलिस 29 लड़कियों और 19 लड़कों का पता लगाने में सफल रही, लेकिन आंकड़ों के अनुसार, लगभग 71 प्रतिशत किशोर (121) अभी भी लापता हैं। आठ से 12 वर्ष के आयु वर्ग में 13 बच्चे लापता हुए जिनमें से आठ लड़के व पांच लड़कियां थी। इनमें से सिर्फ तीन लड़के मिल गए हैं। आठ वर्ष से कम आयु वर्ग में कुल नौ बच्चे लापता हुए जिनमें से तीन का पता लगा लिया गया। हालांकि, लापता व्यक्तियों में वयस्कों की संख्या सबसे अधिक है। जनवरी के पहले पखवाड़े में 616 वयस्कों के लापता होने की सूचना मिली, जिनमें 363 महिलाएं और 253 पुरुष शामिल थे। आंकड़ों के अनुसार, पुलिस 90 पुरुषों और 91 महिलाओं का पता लगाने में सफल रही, लेकिन 435 लोगों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।

2025 में 14,000 से ज्यादा महिलाएं हुईं लापता

वर्ष 2025 में दिल्ली में कुल 24,508 लोगों के लापता होने की सूचना मिली, जिनमें से 60 प्रतिशत से अधिक मामले महिलाओं के थे, जिनकी संख्या 14,870 थी। वहीं पुरुषों के मामले 9,638 थे। आकंड़ो के अनुसार, पुलिस 15,421 लोगों का पता लगाने में सफल रही, लेकिन 9,087 मामले अनसुलझे रह गए। एक दशक के विश्लेषण (2016-2026) से हर साल लापता व्यक्तियों की बढ़ती संख्या में एक चिंताजनक प्रवृत्ति सामने आती है। दिल्ली पुलिस के रिकॉर्ड के अनुसार, पिछले एक दशक में दिल्ली में 2,32,737 लोगों के लापता होने की सूचना मिली, जिनमें से लगभग 1.8 लाख लोगों का पता लगाया गया, लेकिन लगभग 52,000 मामले अनसुलझे रह गए।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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