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Asian Games Shooting: भारत की 21 वर्षीय ईशा सिंह ने 25 मीटर पिस्टल इवेंट में जीता सिल्वर मेडल

Asian Games 2026, Esha Singh Wins Silver Medal In Shooting: भारत की 21 वर्षीय निशानेबाज व अपने वर्ग में दुनिया की नंबर.1 शूटर ईशा सिंह ने एशियन गेम्स में 25 मीटर पिस्टल इवेंट में सिल्वर मेडल जीत लिया है।

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ईशा सिंह ने एशियन गेम्स में जीता सिल्वर मेडल (X)

सोमवार (28 सितंबर) को 2026 एशियाई खेलों में महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में ईशा सिंह ने रोमांचक और कांटे की टक्कर वाले फाइनल के बाद सिल्वर मेडल जीता। खिताबी टक्कर के दूसरे शूट-ऑफ में वह पांच में से तीन निशाने चूक गईं, जबकि शियाओ सिर्फ दो बार चूकती हैं। ईशा सिंह के लिए यह बहुत ही शानदार सिल्वर मेडल है, क्योंकि उन्हें इसे पाने के लिए काफी मुश्किल रास्ता तय करना पड़ा। उन्होंने शूट-ऑफ की पाँच सीरीज से गुज़रना पड़ा, जिसमें पहले दूसरे स्थान के लिए और फिर पहले स्थान के लिए मुकाबला करना पड़ा।

हैदराबाद की 21 वर्षीय ईशा, जो मौजूदा वर्ल्ड नंबर वन हैं, ने सिल्वर मेडल की दौड़ में बने रहने के लिए तीन शूट-ऑफ जीते। इसके बाद चीन की शियाओ जियारुइक्सुआन के साथ गोल्ड मेडल के मुकाबले में उन्हें दो और शूट-ऑफ खेलने पड़े। रेगुलर सीरीज़ के बाद दोनों का स्कोर 38 था, लेकिन ईशा आखिरी शॉट में चूक गईं और उन्हें दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा। नॉर्थ कोरिया की किम ह्योन सुक ने ईशा से शूट-ऑफ हारने के बाद 34 के स्कोर के साथ ब्रॉन्ज़ मेडल जीता।

इससे पहले, दो बार की ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर इस इवेंट के फ़ाइनल के लिए क्वालिफ़ाई करने में नाकाम रहीं और बिना किसी मेडल के खेलों से बाहर हो गईं। लेकिन ईशा आठवें स्थान पर रहकर फ़ाइनल में पहुंचीं और भारत की उम्मीदें बनाए रखीं।

मनु 579 का स्कोर ही बना पाईं, जो उन्हें फ़ाइनल में पहुंचाने के लिए काफ़ी नहीं था और वह 11वें स्थान पर रहीं। ईशा ने क्वालिफ़िकेशन राउंड में 580 का स्कोर किया। मनु के लिए यह मल्टी-डिसिप्लिन कैंपेन बहुत निराशाजनक रहा, क्योंकि वह इससे पहले महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में भी मेडल नहीं जीत पाई थीं।

भारत महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल टीम स्पर्धा में भी मेडल की दौड़ में था, लेकिन राही सरनोबत एक अहम मौके पर शॉट चूक गईं, जो टीम के लिए भारी पड़ा। सरनोबत का चौथी सीरीज़ (हर सीरीज़ में पांच शॉट होते हैं) में स्कोर बहुत खराब रहा - सिर्फ़ 39। इसके चलते भारत, जो पोडियम तक पहुंच सकता था, मेडल की दौड़ से पूरी तरह बाहर हो गया। सरनोबत 568 के खराब स्कोर के साथ 30वें स्थान पर रहीं।

Shivam Awasthi
शिवम अवस्थीauthor

शिवम् अवस्थी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पोर्ट्स डेस्क के इंचार्ज हैं। इनको खेल पत्रकारिता में तकरीबन 17 सालों का अनुभव है। इनको क्रिकेट, फुटबॉल और टेनिस में खास रुचि है। उन्हें खेलना भी पसंद है और वो देहरादून में फुटबॉल व क्रिकेट इंटर डिस्ट्रिक्ट चैंपियनशिप में विजेता टीम के कप्तान भी रहे। पत्रकारिता में कदम रखने के कुछ समय बाद कॉमनवेल्थ गेम्स 2010 का संपूर्ण फील्ड कवरेज किया और कई ब्रेकिंग न्यूज दी। कई चर्चित भारतीय एथलीटों के इंटरव्यू लिए हैं। 2011 वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप का ऑनफील्ड रहकर शहर-शहर घूमते हुए पूरा टीवी कवरेज किया। विश्व कप से पहले युवा विराट कोहली का इंटरव्यू किया। डिजिटल जैसे-जैसे आगे बढ़ा उन्हें ब्रेट ली, सुनील गावस्कर, राहुल द्रविड़, जैसे तमाम धुरंधरों के साक्षात्कार किए और 16 वर्षीय ऋषभ पंत का पहला डिजिटल इंटरव्यू किया जिसे इंग्लिश और हिंदी वेबसाइट पर काफी रीडरशिप मिली। उन्होंने स्पोर्ट्स मल्टी पॉडकास्ट भी किया। आईपीएल के 18 सीजन से ऑनफील्ड जुड़े रहे। अब तक तकरीबन 6000 से ज्यादा एक्सक्लूसिव स्टोरीज लिख चुके हैं। साल 2025 में खेल जगत के तमाम बड़े रिकॉर्ड्स व आंकड़ों को ट्रैक किया है और उन पर आर्टिकल तैयार किए हैं।

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