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पश्चिमी विक्षोभ दिखाएंगे तेवर, बारिश-आंधी का रहेगा असर; अप्रैल के मौसम का आगाज IMD के अलर्ट के साथ

मार्च के विदा लेते ही अप्रैल की शुरुआत बदलते मौसम के संकेत दे रही है, जहां देशभर में मौसम का मिजाज एक बार फिर करवट लेता नजर आ रहा है। हाल के दिनों में कई राज्यों में बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं ने असर दिखाया है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में भी अलग-अलग क्षेत्रों में बारिश, आंधी और तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।

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पश्चिमी विक्षोभ दिखाएंगे तेवर, बारिश-आंधी का रहेगा असर; अप्रैल के मौसम का आगाज IMD के अलर्ट के साथ

मार्च का महीना आखिरकार खत्म हो गया, ऐसे में अब अप्रैल का आगाज हो रहा है। इससे भी कहीं ज्यादा यह जानना जरूरी है कि इस महीने के पहले दिन और इसके पहले हफ्ते में मौसम का मिजाज कैसा रहेगा? लेकिन आइए इससे पहले यह जानें कि पिछले कुछ घंटों के दौरान मौसम कैसा रहा। जम्मू-कश्मीर, मेघालय और त्रिपुरा के कुछ इलाकों में भारी बारिश दर्ज की गई। वहीं हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा के अलग-अलग स्थानों पर ओलावृष्टि की घटनाएं सामने आईं।

मौसम विभाग की वेदर रिपोर्ट के मुताबिक, दो सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के असर से इस सप्ताह उत्तर-पश्चिम भारत में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है, जिसकी तीव्रता 3 और 4 अप्रैल 2026 को अधिक रहने के आसार हैं। इसी दौरान 3 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर और 3 से 4 अप्रैल के बीच हिमाचल प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि हो सकती है। देश के मध्य हिस्सों में 6 अप्रैल तक तेज गरज और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना बनी हुई है। साथ ही 2 अप्रैल 2026 तक कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि भी देखने को मिल सकती है। वहीं, उत्तर-पूर्व और उससे लगे पूर्वी भारत के इलाकों में इस पूरे सप्ताह छिटपुट से लेकर व्यापक स्तर पर बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का प्रभाव रहने का अनुमान है। खासकर 1 अप्रैल को उत्तर-पूर्व भारत में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने की संभावना है।

दिल्ली में कल का मौसम

दिल्ली में कल मौसम आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहने का अनुमान है। तापमान की बात करें तो अधिकतम तापमान 33°C से 35°C के बीच, जबकि न्यूनतम तापमान 17°C से 19°C के आसपास रहने की संभावना है। कुल मिलाकर अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य के करीब, यानी लगभग -1.5°C से 1.5°C के अंतर में रहेंगे। हवा की दिशा और गति में भी दिनभर बदलाव देखने को मिलेगा। सुबह के समय पूर्वी दिशा से करीब 10 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। दोपहर में हवा का रुख दक्षिण-पश्चिम की ओर रहेगा और गति लगभग 10 किमी/घंटा तक बनी रह सकती है। वहीं, शाम और रात के दौरान दक्षिण-पूर्व दिशा से हल्की हवाएं चलेंगी, जिनकी गति 10 किमी/घंटा से कम रहने का अनुमान है।

यूपी में कल का मौसम कैसा रहेगा?

उत्तर प्रदेश के मौसम को लेकर विभाग ने अलर्ट जारी किया है। आने वाले कुछ दिनों तक राज्य के विभिन्न इलाकों में बारिश होने की संभावना जताई गई है। इस दौरान कई स्थानों पर तेज हवाओं और आकाशीय बिजली के साथ वर्षा हो सकती है, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज होने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के असर से उत्तर प्रदेश में 1 अप्रैल को मौसम में अस्थिरता बनी रह सकती है। इस अवधि में प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी दोनों हिस्सों में कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ वर्षा होने के आसार हैं, जबकि कुछ इलाकों में तेज या भारी बारिश भी हो सकती है। विभाग ने यह भी बताया है कि इस दौरान हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किमी प्रति घंटे से बढ़कर कहीं-कहीं 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

बिहार में कल के मौसम का हाल

मौसम विभाग के अनुसार 2 और 3 अप्रैल को बिहार में मौसम शुष्क बने रहने की संभावना है। इस दौरान अधिकतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे लोगों को हल्की गर्मी का एहसास होगा। हालांकि इसके बाद तापमान में गिरावट आने के संकेत हैं। मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, तापमान बढ़ने के बावजूद राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। 4 अप्रैल को राज्य के करीब आधे क्षेत्रों में बारिश होने का अनुमान है, जिसमें कटिहार, दरभंगा, मधुबनी, किशनगंज, पूर्णिया, वैशाली, अररिया, सुपौल, मुजफ्फरपुर, बक्सर और औरंगाबाद समेत कई जिले शामिल हैं। इसके बाद 5 अप्रैल को भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश देखने को मिल सकती है।

राजस्थान में ऐसा रहेगा मौसम

राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ के असर के चलते बीते चौबीस घंटे में कई जगह आंधी चली और बारिश दर्ज की गई। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, मंगलवार सुबह तक बीते चौबीस घंटे में राज्य के कुछ भागों में आंधी-बारिश दर्ज की गई है। सर्वाधिक बारिश कोटा के लाडपुरा में 34 मिलीमीटर तथा नागौर के मूंडवा में 24 मिलीमीटर हुई। इसके अनुसार, आज मंगलवार को गंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू जिले, शेखावाटी क्षेत्र तथा जयपुर, भरतपुर संभाग के कुछ भागों में 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने तथा कहीं-कहीं हल्की बारिश होने की संभावना है। वहीं 1 अप्रैल को उदयपुर, कोटा संभाग में छुटपुट स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है जबकि बाकी भागों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहेगा। 2 अप्रैल को रात के समय जैसलमेर, बाड़मेर, फलोदी जिलों और आसपास के क्षेत्र में आंधी तथा बारिश की गतिविधियां होगी। अप्रैल के पहले हफ्ते में पश्चिमी विक्षोभ राज्य के ऊपर सक्रिय रहेगा। अगला मजबूत पश्चिमी विक्षोभ 3-4 अप्रैल को राज्य के कुछ भागों में सक्रिय होगा।

पहाड़ी क्षेत्रों में कैसा रहेगा मौसम?

पश्चिमी हिमालयी इलाकों, जैसे जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में आने वाले दिनों में मौसम सक्रिय रहने की संभावना है। यहां अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी हो सकती है, साथ ही गरज-चमक और 30 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के आसार हैं। 3 और 4 अप्रैल को इन क्षेत्रों में मौसम की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर में 3 अप्रैल तथा हिमाचल प्रदेश में 3 और 4 अप्रैल को कहीं-कहीं ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है। उत्तराखंड में 3 से 6 अप्रैल के बीच बारिश का दौर जारी रह सकता है।

मध्य प्रदेश का मौसम

मौसम विभाग के मुताबिक मध्य प्रदेश में अप्रैल की शुरुआत बदले हुए मौसम के साथ होने की संभावना है। 1 अप्रैल को प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ और धार जैसे क्षेत्रों में बादल छाए रहने और हल्की बूंदाबांदी के आसार हैं, जिससे तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है और लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। इसके बाद 2 अप्रैल से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिसका प्रभाव मध्य प्रदेश के ग्वालियर, चंबल, उज्जैन और भोपाल संभागों में देखने को मिल सकता है। पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा येलो अलर्ट के तहत रहेगा, जहां गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की गई है।

FAQs

अप्रैल के पहले हफ्ते में मौसम कैसा रहेगा?

अप्रैल के शुरुआती दिनों में देश के कई हिस्सों में मौसम सक्रिय रहेगा, जहां बारिश, तेज हवाएं और गरज-चमक देखने को मिल सकती है।

उत्तर-पश्चिम भारत में बारिश कब ज्यादा होगी?

क्या कहीं ओलावृष्टि होने के आसार हैं?

क्या तापमान में बदलाव देखने को मिलेगा?

किन राज्यों में तेज हवाएं और बिजली गिरने का खतरा है?

Nilesh DwivedI
निलेश द्विवेदीauthor

निलेश द्विवेदी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में काम कर रहे हैं। वे शहरों से जुड़ी लोकल घटनाएं, क्राइम, राजनीति, इंफ्रास्ट्रक्चर और राज्यवार अपडेट्स पर लगातार काम करते हैं। निलेश महत्वपूर्ण विवरणों को चुनने और पाठकों की रुचि के हिसाब से कंटेंट को प्रभावी तरीके से पेश करने के लिए जाने जाते हैं। डिजिटल न्यूजरूम के रफ्तार भरे माहौल में वे हर खबर को सटीक एंगल, आसान भाषा और उपयोगी जानकारी के साथ पेश करने पर फोकस करते हैं और अबतक 2,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं।

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