राजस्थान मंत्रिमंडल ने 63 प्रस्तावों को मंजूरी दी है, जिसमें 200 से अधिक सामाजिक संस्थाओं को भूमि आवंटित करना, कोरोना से अनाथ बच्चों को बालिग होने पर सरकारी नौकरी देना, कन्हैयालाल हत्याकांड में मुख्य आरोपियों को पकड़वाने में सहयोग करने वाले दो युवकों को सरकारी नौकरी देना तथा राजकीय कर्मचारियों के पदोन्नति के अवसर बढ़ाने और वेतन विसंगतियों को दूर करना शामिल है।
बुधवार (20 सितंबर, 2023) शाम मुख्यमंत्री निवास पर सीएम अशोक गहलोत की अध्यक्षता में हुई मीटिंग के बाद जारी बयान में बताया गया कि प्रदेश में शैक्षणिक उत्थान और सामाजिक व आर्थिक विकास के लिए 200 से अधिक सामाजिक संस्थाओं को छात्रावास, वृद्धाश्रम, सामुदायिक केन्द्र एवं अन्य सामाजिक कार्यों के लिए रियायती दर भूमि आवंटित करने का महत्वपूर्ण निर्णय किया है।
प्रस्ताव के अनुमोदन से इन सभी संस्थाओं को अब आरक्षित दर की 10 प्रतिशत राशि पर भूमि आवंटित की जा सकेगी। साथ ही बाकी प्रकरणों में भारतीय सेना, रेलवे, पावरग्रिड सीकर ट्रांसमिशन लिमिटेड व विभिन्न संस्थाओं को भी आरक्षित दर पर भूमि आवंटन का निर्णय किया है।
उन्होंने बताया कि इसी तरह उदयपुर के कन्हैयालाल हत्याकांड के मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार करवाने में सहयोग करने वाले युवक प्रहलाद सिंह चुण्डावत एवं शक्ति सिंह चुण्डावत को नियमों में शिथिलन प्रदान कर कनिष्ठ सहायक के पद पर सरकारी नौकरी दिये जाने का निर्णय किया है।
मंत्रिमंडल ने राजस्थान सिविल सेवा (पुनरीक्षित वेतन) नियम, 2017 में संशोधन को स्वीकृति दी है। इससे चतुर्थ श्रेणी सेवा, मंत्रालयिक सेवा, अधीनस्थ सेवा एवं राज्य सेवा के समस्त कार्मिकों को 9, 18, 27 वर्ष की संतोषजनक सेवा पूर्ण करने पर एसीपी योजना के अंतर्गत पदोन्नति पद का वित्तीय उन्नयन देय होगा। ऐसे ही आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के अभ्यर्थियों को अब राजस्थान स्टेट इंजीनियरिंग सर्विसेज में भी अन्य आरक्षित वर्गों के समान आयु सीमा में छूट मिलेगी।
