Electric Vehicles To Get Cheaper In India After Budget 2023-24: यूनियन बजट 2023-24 में वित्त मंत्री ने मिडिल क्लास को टैक्स स्लैब में बदलाव करके बड़ी सौगात दी है. इसके साथ ही भारतीय ऑटोमोटिव इंडस्ट्री में भी वाहन निर्माताओं के साथ ग्राहकों को फायदा पहुंचाने की तैयारी की गई है. इस बजट में केंद्र सरकार का मुख्य फोकस ग्रीन मोबिलिटी पर है जिसके अंतर्गत बायोगैस और हाइड्रोजन के प्रोडक्शन को बढ़ावा दिया जाने वाला है. यहां इलेक्ट्रिक वाहनों में इस्तेमाल की जाने वाली बैटरी पर लगने वाली कस्टम ड्यूटी पर राहत की घोषणा की गई है.
इलेक्ट्रिक कारें होंगी सस्ती!
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यातायात के ग्रीन वाहनों को अपनाए जाने को बढ़ावा देने का ऐलान किया है. इसके लिए केंद्र सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों में इस्तेमाल होने वाली लिथियम-आयन बैटरी के कैपिटल गुड्स और मशीनरी पर छूट दी है. लिथियम-आयन बैटरी के आयात पर लगने वाली कस्टम ड्यूटी को 21 प्रतिशत से घटाकर 13 प्रतिशत कर दिया गया है. इलेक्ट्रिक वाहनों पर मिलने वाली सब्सिडी को भी 1 साल आगे बढ़ा दिया गया है. इसे ईवी तेजी से चलन में आएंगे.
घरेलू उत्पादन को मिलेगा बढ़ावा
कस्टम ड्यूटी कम होने के परणिमस्वरूप इस सैक्टर में निवेश का अच्छा परिणाम देखने को मिलेगा. इसके अलावा लिथियम-आयन सेल्स का घरेलू उत्पादन बढ़ने की भी पूरी उम्मीद है. वित्त मंत्री ने बजट 2023-24 में नेशनल ग्रीन हाइड्रोजन मिशन पर भी 19,700 करोड़ रुपये खर्च करने का ऐलान किया है. बायोगैस के उत्पादन को लेकर भी कई बड़ी घोषणाएं की गई हैं जिससे पर्यावरण को साफ-सुथरा रखा जा सकेगा.
