Air Purifier: दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) में वायु प्रदूषण (Air Pollution) का स्तर लगातार बिगड़ता जा रहा है। बढ़ते वायु प्रदूषण के चलते हवा सांस लेने के लिए हानिकारक हो रही है। ऐसे में कई लोग इन दिनों कम से कम घर के अंदर साफ हवा के लिए एयर प्यूरीफायर खरीद रहे हैं। एयर प्यूरीफायर जो कभी लग्जरी हुआ करता था, अब साफ हवा के लिए एक जरूरत बन गया है।
हालांकि बाजार और ऑनलाइन में एयर प्यूरीफायर के कई ऑप्शन हैं, लेकिन सही एयर प्यूरीफायर चुनना एक मुश्किल काम है। अगर आप भी एयर प्यूरीफायर खरीदने की सोच रहे हैं तो आपको कुछ बातों का बेहद खास ध्यान रखना चाहिए। आज हम आपको ऐसी ही कुछ बातों के बताएंगे, जो आपको एयर प्यूरीफायर खरीदने में काफी मदद करेगी।
कमरे का साइज
कहने को तो बड़ी जगहों पर छोटे एयर प्यूरीफायर काम नहीं करेंगे। आपके कमरे का सही माप होने से आपको एयर प्यूरीफायर का सही मॉडल चुनने में मदद मिलेगी। साथ ही अगर आप अपने बेडरूम में एयर प्यूरीफायर का उपयोग करने की योजना बना रहे हैं, तो ये सुनिश्चित कर लें कि ये उससे आवाज ना आएं। अपने बेडरूम के लिए साइलेंट ऑपरेटिंग एयर प्यूरीफायर का ऑप्शन चुनें।सीएडीआर रेटिंग
सीडीआर यानी क्लीन एयर डिलीवरी रेट। दरअसल सीडीआर से ही एयर प्यूरीफायर के परफॉर्मेंस के बारे में पता चलता है। खरीदते वक्त जरूर ध्यान देना चाहिए कि आपका एयर प्यूरीफायर कितनी शुद्ध हवा को कितनी तेजी से पंप कर रहा है।
एसीएच रेटिंग
ACH यानी एयर चेंज रेट एक घंटे में एक कमरे के अंदर की हवा को स्वच्छ हवा से बदलने की संख्या है। आमतौर पर 5-6 की एसीएच रेटिंग की सलाह दी जाती है।
फिल्टर टाइप्स
फिल्टर किसी भी एयर प्यूरीफायर का सबसे जरूरी पार्ट होता है। एक अच्छे एयर प्यूरीफायर में EPA, HEPA फिल्टर होता है। ये 99.9 फीसदी एयरबोर्न कणों को फिल्टर कर सकते हैं, जो आकार में 0.3 माइक्रोन तक हैं। कुछ एडवांस एयर प्यूरीफायर एंटी-बैक्टीरियल और यूवी फिल्टर के साथ आते हैं, जो हवा को स्टरलाइज करने में मदद करते हैं और हवा से होने वाली बीमारियों के जोखिम को कम करते हैं।
