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Krishna Janmashtami 2026 Iskcon Temple Livestreaming: श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2026 पर इस्कॉन टेम्पल वृन्दावन, मुंबई, कानपुर, नोएडा,गुरुग्राम, दिल्ली, बैंगलोर, पुणे और वेस्ट बंगाल में लड्डू गोपाल आरती पूजा लाइव दर्शन की सम्पूर्ण जानकारी

Krishna Janmashtami 2026 Mumbai Iskcon Temple Time, Puja, Aarti, Darshan, Prasadam and Iskcon Mandir Ka Time Janmashtami Ke Din: जन्माष्टमी के दिन देश-विदेश के इस्कॉन में भगवान कृष्ण का जन्मदिन धूमधाम से मनाया जाएगा। इसके लिए तैयारियां भी लगभग पूरी हो चुकी हैं।

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इस्कॉन जन्माष्टमी शेड्यूल

ISKCON Janmashtami 2026: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की तैयारियां देशभर के इस्कॉन मंदिरों में शुरू हो चुकी हैं। वैष्णव कैलेंडर के अनुसार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 4 सितंबर 2026, शुक्रवार को मनाई जाएगी। इस दिन इस्कॉन के मंदिरों में सुबह मंगला आरती से शुरू होकर दिनभर दर्शन, कीर्तन, भजन, विशेष श्रृंगार, अभिषेक और प्रसाद की व्यवस्था रहेगी। रात में भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य के समय विशेष महाभिषेक और महाआरती होगी।

दिल्ली, वृंदावन, मुंबई, बेंगलुरु, पुणे, कानपुर, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद, हैदराबाद, पटना, चंडीगढ़, अहमदाबाद और मायापुर जैसे प्रमुख इस्कॉन केंद्रों में जन्माष्टमी के लिए अलग-अलग कार्यक्रम रखे गए हैं। कुछ मंदिरों ने पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है, जबकि कुछ जगहों पर अभी सिर्फ मुख्य आयोजन की जानकारी उपलब्ध कराई गई है। अगर आप लड्डू गोपाल के दर्शन, कृष्ण जन्मोत्सव, महाभिषेक और आरती लाइव देखना चाहते हैं तो संबंधित इस्कॉन मंदिरों के आधिकारिक डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ सकते हैं।

जन्माष्टमी 2026 कब है

इस्कॉन के वैष्णव कैलेंडर के अनुसार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 4 सितंबर 2026 को मनाई जाएगी। इस दिन वैष्णव परंपरा में भक्त मध्यरात्रि तक व्रत रखते हैं और भगवान कृष्ण के प्राकट्य के समय विशेष पूजा करते हैं। जन्माष्टमी की मुख्य पूजा निशिता काल यानी मध्यरात्रि में होती है। इसी समय भगवान कृष्ण के प्राकट्य का उत्सव मनाया जाता है। अगले दिन 5 सितंबर को कई इस्कॉन मंदिरों में नंदोत्सव और श्रील प्रभुपाद के प्राकट्य दिवस से जुड़े कार्यक्रम होंगे।

इस्कॉन वृंदावन में जन्माष्टमी 2026

वृंदावन का श्री कृष्ण बलराम मंदिर जन्माष्टमी पर सबसे खास केंद्रों में रहेगा। यहां भगवान कृष्ण-बलराम, राधा-श्यामसुंदर और गौर-निताई के दर्शन होते हैं। इस्कॉन वृंदावन की जानकारी के अनुसार 4 सितंबर को भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य का उत्सव मनाया जाएगा। जन्माष्टमी पर विशेष सजावट, कीर्तन, अभिषेक, आध्यात्मिक कार्यक्रम और श्री श्री कृष्ण-बलराम के विशेष दर्शन आकर्षण का केंद्र रहेंगे। वृंदावन से लाइव दर्शन की सुविधा भी उपलब्ध रहती है, जिससे देश-विदेश में बैठे भक्त मंदिर के दर्शन से जुड़ सकते हैं।

इस्कॉन दिल्ली में जन्माष्टमी 2026

दिल्ली के इस्कॉन टेंपल, ईस्ट ऑफ कैलाश में 4 सितंबर को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का भव्य आयोजन होगा। मंदिर की आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस बार उत्सव में 108 कलश महाअभिषेक, 108 महाआरती, कीर्तन और मध्यरात्रि कृष्ण प्राकट्य प्रमुख आकर्षण रहेंगे।

इस्कॉन दिल्ली में प्रमुख कार्यक्रम

  • सुबह 4:30 बजे: मंगला आरती
  • सुबह 10 बजे: 108 कलश महाअभिषेक
  • दोपहर 12 बजे: राजभोग आरती
  • शाम: कीर्तन, भजन और विशेष कार्यक्रम
  • रात 12 बजे: श्रीकृष्ण प्राकट्य और मध्यरात्रि उत्सव

मंदिर में 4 सितंबर को पूरा दिन जन्माष्टमी महोत्सव के नाम रहेगा और भक्त व्रत रखकर मध्यरात्रि तक कृष्ण जन्मोत्सव में शामिल होंगे।

इस्कॉन नोएडा में जन्माष्टमी 2026

नोएडा के सेक्टर-33 स्थित इस्कॉन श्री श्री राधा गोविंद देव जी मंदिर में भी 4 सितंबर को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाएगी। इस्कॉन नोएडा के आधिकारिक कैलेंडर में 4 सितंबर 2026 को श्री कृष्ण जन्माष्टमी और 5 सितंबर को नंदोत्सव दर्ज है। मंदिर ने भक्तों को जन्माष्टमी महोत्सव में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। नोएडा मंदिर में सामान्य दिनों में सुबह और शाम दर्शन की व्यवस्था रहती है। जन्माष्टमी जैसे विशेष पर्व पर दर्शन का समय सामान्य दिनों से अलग हो सकता है, इसलिए मंदिर जाने से पहले उसी दिन की आधिकारिक सूचना बेवसाइट पर देखना बेहतर रहेगा।

इस्कॉन कानपुर में जन्माष्टमी 2026

कानपुर में भी इस बार जन्माष्टमी का उत्सव खास रहने वाला है। कानपुर इस्कॉन मंदिर में 4 से 6 सितंबर 2026 तक जन्माष्टमी से जुड़े विशेष आयोजन किए जाएंगे। मंदिर के राधा-कृष्ण विग्रहों के लिए विशेष पोशाक तैयार की गई हैं। जन्माष्टमी के मौके पर भगवान के लिए विशेष श्रृंगार किया जाएगा। कानपुर में जन्माष्टमी के दौरान विशेष दर्शन, कीर्तन और कृष्ण जन्मोत्सव मुख्य आकर्षण रहेंगे।

इस्कॉन गुरुग्राम में जन्माष्टमी 2026

गुरुग्राम के इस्कॉन सेक्टर-67, सुदर्शन धाम में 4 सितंबर को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाएगी। इस्कॉन गुरुग्राम के वैष्णव कैलेंडर में 4 सितंबर को Krishna Janmashtami 2026 दर्ज है। मंदिर की जानकारी के अनुसार जन्माष्टमी पर दिव्य दर्शन, पूरे दिन कीर्तन, फैमिली प्रोग्राम, महाअभिषेक और मध्यरात्रि महाआरती आकर्षण का केंद्र रहेंगे।

इस्कॉन गाजियाबाद में जन्माष्टमी 2026

गाजियाबाद के इस्कॉन वेव सिटी में भी 4 सितंबर 2026 को जन्माष्टमी का विशेष आयोजन होगा। यह मंदिर गाजियाबाद और आसपास के भक्तों के लिए जन्माष्टमी पर प्रमुख विकल्प रहेगा। कार्यक्रम में विशेष दर्शन और कृष्ण जन्मोत्सव के आयोजन होंगे।

इस्कॉन मुंबई जुहू में जन्माष्टमी 2026

मुंबई के इस्कॉन जुहू में जन्माष्टमी का आयोजन पूरे दिन चलेगा। यहां सुबह से ही विशेष दर्शन और आरती का सिलसिला शुरू होगा और रात में कृष्ण जन्म के समय महाभिषेक किया जाएगा।

मुंबई का प्रमुख कार्यक्रम

  • सुबह 4:30 बजे: मंगला आरती
  • सुबह 8 बजे: श्रृंगार दर्शन
  • सुबह 8:30 बजे: जन्माष्टमी क्लास
  • दोपहर 12:30 बजे: राजभोग आरती
  • शाम 7 बजे: संध्या आरती
  • रात 11:30 बजे: मध्यरात्रि महाभिषेक
  • रात 1 बजे: महाआरती

जन्माष्टमी की रात मुंबई मंदिर में महाभिषेक और महाआरती मुख्य आकर्षण रहेंगे।

इस्कॉन बेंगलुरु में 'Swagatam Krishna 2026'

बेंगलुरु में जन्माष्टमी का प्रमुख ऑनलाइन कार्यक्रम 'Swagatam Krishna 2026' होगा। यह कार्यक्रम 4 सितंबर की रात से शुरू होगा।

प्रमुख कार्यक्रम

  • रात 8 बजे: विशेष दर्शन, महासंकल्प और अर्चनम्
  • रात 8:15 बजे: सांस्कृतिक कार्यक्रम
  • रात 9:30 बजे: आध्यात्मिक प्रवचन
  • रात 10 बजे: ग्रैंड महाभिषेक
  • रात 11:20 बजे: आध्यात्मिक प्रवचन
  • रात 11:50 बजे: महा संकीर्तन
  • रात 12 बजे: मध्यरात्रि महाआरती
  • रात 12:20 बजे: झूलन सेवा

बेंगलुरु के Hare Krishna Hill स्थित इस्कॉन मंदिर में भी जन्माष्टमी पर विशेष आयोजन होगा।

इस्कॉन पुणे में जन्माष्टमी 2026

पुणे के इस्कॉन NVCC, कात्रज-कोंढवा रोड में भी जन्माष्टमी के अवसर पर विशेष पूजा और सेवा आयोजित की जाएगी। यहां जन्माष्टमी के दौरान भगवान के अभिषेक, विशेष दर्शन, प्रसाद और सेवा से जुड़े कार्यक्रम होंगे। मंदिर की ओर से ऑनलाइन सेवा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाती है।

इस्कॉन हैदराबाद में जन्माष्टमी 2026

हैदराबाद में इस्कॉन एबिड्स के श्री श्री राधा मदनमोहन मंदिर में 4 सितंबर को जन्माष्टमी मनाई जाएगी। मंदिर की आधिकारिक जानकारी के अनुसार यहां सुबह 4:30 बजे मंगला आरती और रात 9:30 बजे महाअभिषेक का कार्यक्रम है। इसके अलावा Exhibition Grounds में भी जन्माष्टमी से जुड़े विशेष आयोजन होंगे। हैदराबाद में जन्माष्टमी का आयोजन सुबह की मंगला आरती से शुरू होकर रात की महाआरती तक चलेगा।

इस्कॉन पटना में जन्माष्टमी 2026

पटना के इस्कॉन श्री श्री राधा बांके बिहारी मंदिर, बुद्ध मार्ग में 4 सितंबर को भव्य जन्माष्टमी महोत्सव आयोजित किया जाएगा।

मंदिर की जानकारी के अनुसार यहां मध्यरात्रि महाअभिषेक, 56 भोग, रातभर कीर्तन और भक्तों के लिए प्रसाद की व्यवस्था रहेगी।

पटना जन्माष्टमी की खास बातें

  • मध्यरात्रि महाअभिषेक
  • 56 भोग
  • रातभर कीर्तन
  • विशेष श्रृंगार और दर्शन
  • भक्तों के लिए प्रसाद

इस्कॉन चंडीगढ़ में जन्माष्टमी 2026

चंडीगढ़ इस्कॉन मंदिर में भी 4 सितंबर को जन्माष्टमी का विशेष कार्यक्रम होगा। मंदिर की ओर से जारी जानकारी के अनुसार यहां सुबह 4:30 बजे मंगला आरती, 5:15 बजे तुलसी आरती, 5:30 बजे नगर संकीर्तन, 7:30 बजे गुरु पूजा और 8 बजे श्रृंगार आरती होगी। शाम 5 से 10 बजे तक 108 कलश अभिषेक और 108 दीप दान का कार्यक्रम भी रखा गया है।

चंडीगढ़ में प्रमुख कार्यक्रम

  • 4:30 AM: मंगला आरती
  • 5:15 AM: तुलसी आरती
  • 5:30 AM: नगर संकीर्तन
  • 7:30 AM: गुरु पूजा
  • 8:00 AM: श्रृंगार आरती
  • 5:00–10:00 PM: 108 कलश अभिषेक और 108 दीप दान
  • 9:30 PM: अखंड भजन, कीर्तन और प्रवचन
  • 10:30 PM: श्री श्री राधा माधव अभिषेक

इस्कॉन अहमदाबाद में जन्माष्टमी 2026

अहमदाबाद के इस्कॉन श्री श्री राधा गोविंद धाम मंदिर में भी 4 सितंबर को भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य दिवस का आयोजन होगा।

मंदिर के इवेंट कैलेंडर में 4 सितंबर 2026 को Janmashtami: Lord Shri Krishna appearance दर्ज है। मंदिर में सामान्य दिनों में मंगला आरती, तुलसी आरती, श्रृंगार आरती, राजभोग आरती, संध्या आरती और शयन आरती होती है। जन्माष्टमी पर इनसे अलग विशेष कार्यक्रम रखे जा सकते हैं।

इस्कॉन मायापुर में जन्माष्टमी 2026

पश्चिम बंगाल के श्री मायापुर धाम स्थित इस्कॉन चंद्रोदय मंदिर में जन्माष्टमी का उत्सव विशेष महत्व रखता है। मायापुर इस्कॉन के प्रमुख आध्यात्मिक केंद्रों में शामिल है। जन्माष्टमी पर यहां भगवान श्रीकृष्ण की विशेष पूजा, अभिषेक, कीर्तन और आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। मंदिर की सामान्य दैनिक व्यवस्था में सुबह मंगला आरती से लेकर शाम की संध्या आरती और रात की शयन आरती तक कई कार्यक्रम होते हैं। जन्माष्टमी पर सामान्य टाइमिंग में बदलाव संभव है।

इस्कॉन में जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल का कैसे होता है अभिषेक

जन्माष्टमी की रात इस्कॉन मंदिरों में भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप के प्राकट्य का उत्सव विशेष तरीके से मनाया जाता है। इस दौरान भगवान के विग्रह का महाभिषेक किया जाता है। अभिषेक में दूध, दही, घी, शहद और पवित्र जल समेत विभिन्न सामग्री का इस्तेमाल किया जाता है। इसके बाद भगवान का विशेष श्रृंगार किया जाता है। नए वस्त्र और आभूषण पहनाए जाते हैं। मंदिरों में कीर्तन और हरिनाम संकीर्तन के बीच आरती की जाती है। कई बड़े इस्कॉन केंद्रों में इस अवसर पर 108 कलश अभिषेक भी आयोजित किया जाता है।

जन्माष्टमी 2026 पर इस्कॉन में लाइव दर्शन कैसे देखें

अगर आप मंदिर नहीं जा पा रहे हैं तो कई इस्कॉन केंद्रों के आधिकारिक डिजिटल प्लेटफॉर्म से घर बैठे दर्शन किए जा सकते हैं।

वृंदावन: लाइव दर्शन की सुविधा उपलब्ध है।

दिल्ली: जन्माष्टमी का आधिकारिक कार्यक्रम मंदिर की वेबसाइट पर उपलब्ध है।

बेंगलुरु: 'Swagatam Krishna 2026' के जरिए ऑनलाइन कार्यक्रम में जुड़ने की सुविधा है।

पुणे: नियमित लाइव दर्शन और जन्माष्टमी सेवा के ऑनलाइन विकल्प उपलब्ध हैं।

हैदराबाद: जन्माष्टमी 2026 के लिए अलग आधिकारिक डिजिटल पेज बनाया गया है।

जन्माष्टमी पर व्रत कब खोलें

इस्कॉन की वैष्णव परंपरा में जन्माष्टमी का व्रत सामान्य तौर पर 4 सितंबर की मध्यरात्रि तक रखा जाता है। भगवान कृष्ण के प्राकट्य के बाद पूजा और महाआरती पूरी होने पर अगले दिन निर्धारित पारण समय के अनुसार व्रत खोला जाता है। अगले दिन यानी 5 सितंबर 2026 को नंदोत्सव मनाया जाएगा।

इन बातों का रखें ध्यान

जन्माष्टमी के दिन बड़े इस्कॉन मंदिरों में सामान्य दिनों की तुलना में काफी अधिक भीड़ हो सकती है। कई मंदिरों में सुरक्षा व्यवस्था के कारण दर्शन की एंट्री, पार्किंग, मोबाइल/बैग नियम और दर्शन की टाइमिंग अलग हो सकती है। 4 सितंबर 2026 को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर सबसे खास समय मध्यरात्रि का रहेगा। इसी समय भगवान कृष्ण के प्राकट्य के साथ मंदिरों में महाभिषेक, कीर्तन और महाआरती का माहौल बनेगा। जो भक्त मंदिर नहीं पहुंच सकते, वे अपने शहर के इस्कॉन केंद्र की आधिकारिक वेबसाइट या लाइव प्लेटफॉर्म पर कार्यक्रम की ताजा जानकारी देख सकते हैं।

डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी इस्कॉन की बेबसाइट पर दी गई जानकारियों परआधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।

Mohit Tiwari
मोहित तिवारीauthor

मोहित तिवारी को पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 साल का अनुभव है। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रतिष्ठित न्यूजपेपर में फील्ड रिपोर्टिंग से की थी। मोहित ने प्रिंट, टीवी और डिजिटल तीनों प्लेटफॉर्म पर काम किया है। देश-विदेश, लाइफस्टाइल, धर्म और आध्यात्मिक विषयों में गहरी रुचि रखने वाले मोहित ने ज्योतिष का भी व्यापक अध्ययन किया है। मोहित के आलेख लाइफस्टाइल, हेल्थ, न्यूज, धर्म, ज्योतिष आदि विषयों पर गहरी शोध और प्रामाणिकता पर आधारित होते हैं और इन विषयों पर वह 12,000 से अधिक आर्टिकल लिख चुके हैं।

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