NASA Artemis II Mission: अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) आए दिन पृथ्वी या चंद्रमा से उल्कापिंड के टकराने से जुड़ी चेतावनी जारी करती है, लेकिन इस बार गजब हो गया। ऐसा इसलिए कहा जा रहा है, क्योंकि नासा आर्टेमिस-II मिशन के एस्ट्रोनॉट ऐतिहासिक पल के साक्षी बने हैं।
नासा आर्टेमिस-II मिशन के तहत ओरियन अंतरिक्ष यान पर सवार एस्ट्रोनॉट ने चंद्रमा की परिक्रमा लगाते हुए सतह पर उल्कापिंडों के टकराने का अद्भुत नजारा लाइव देखा। सबसे दिलचस्प बात तो यह है कि चंद्रमा से एक या दो नहीं, बल्कि चार से पांच उल्कापिंड टकराए हैं। इस दुर्लभ घटना ने वैज्ञानिकों की जिज्ञासा को और बढ़ा दिया है।
मिशन कमांडर रीड वाइजमैन (Reid Wiseman) ने सोमवार को चांद के चारों ओर उड़ान भरते हुए कहा, ''यह निश्चित रूप से चांद पर टकराव से पैदा हुई चमक थी।'' उसी वक्त जेरेमी हैनसेन (Jeremy Hansen) ने एक और चमक देखी।
विस्मय से भर गईं वैज्ञानिक
पृथ्वी से लगभग 4 लाख किलोमीटर दूर से मिशन की निगरानी कर रहीं लूनर साइंड लीड केल्सी यंग (Kelsey Young) इस घटना को लेकर विस्मय से भर गईं। उन्होंने कहा कि मुझे उम्मीद नहीं थी कि इस मिशन में क्रू को ऐसा कुछ देखने को मिलेगा।
उन्होंने बताया कि ह्यूस्टन में नासा की टीम में मौजूद वैज्ञानिकों ने जब क्रू को उल्कापिंडों के टकराने से पैदा हुई चमक के बारे में बताते हुए सुना तो वह खुशी से चिल्लाने लगे। साइंस अलर्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, मिशन की बैकअप अंतरिक्ष यात्री जेनी गिबन्स (Jenni Gibbons ) ने इस घटना को दुर्लभ बताते हुए कहा कि क्रू ने 4-5 बार टकराव देखे, जो अपने आप में बेहद शानदार है।
जब एस्ट्रोनॉट से उल्कापिंडों के टकराव के बारे में पूछा गया तो कनाडाई क्रू सदस्य हैनसेन ने कहा कि रोशनी एक छोटे बिंदु की तरह और तीव्र थी। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि ऐसे और भी बहुत सारे टकराव हुए होंगे। उन्होंने कहा, ''मानो एक पल के लिए कैमरे का शटर खुलकर बंद हो गया हो। यह सुई की नोक जितनी रोशनी जैसा था, और संभव है कि ऐसे कई और भी हुए हों।''
