Neet Paper Leak Update: दिल्ली की एक अदालत ने बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा-स्नातक (NEET-UG) का प्रश्नपत्र लीक होने के मामले के आरोपी धनंजय लोखंडे को छह दिन की सीबीआई हिरासत में भेज दिया।विशेष सीबीआई न्यायाधीश अजय गुप्ता ने एजेंसी की उस याचिका को स्वीकार कर लिया, जिसमें लोखंडे को पूछताछ के लिए छह दिन की हिरासत में सौंपने का अनुरोध किया गया था। लोखंडे को महाराष्ट्र के अहिल्यानगर से गिरफ्तार किया गया था और ट्रांजिट रिमांड पर अदालत में लाया गया था।
सुनवाई के दौरान, सीबीआई ने बताया कि लोखंडे ने लीक प्रश्नपत्र सह-आरोपी शुभम को दिया था, जो उसे एक अन्य आरोपी मनीषा बाघमारे से मिला था।केंद्रीय जांच एजेंसी ने कहा कि बड़ी साजिश का पर्दाफाश करना जरूरी है और जांच अभी शुरुआती चरण में है। लोखंडे के वकील ने कहा कि उन्हें गिरफ्तारी के कारण नहीं बताए गए और उनसे सादे कागज पर हस्ताक्षर करवाए गए। इससे पहले दिन में अदालत ने पांच अन्य आरोपियों को सात दिन की सीबीआई हिरासत में भेज दिया।
सीबीआई को 'अनियमितताओं' की व्यापक जांच करने का निर्देश
ये पांच आरोपी नासिक के शुभम खैरनार, जयपुर के मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल और दिनेश बिवाल और गुरुग्राम के यश यादव हैं। मेडिकल कॉलेजों में दाखिले के वास्ते वर्ष 2026 के लिए नीट-यूजी का आयोजन तीन मई को हुआ था, लेकिन प्रश्नपत्र लीक होने के आरोपों पर इस परीक्षा को गत मंगलवार को रद्द कर दिया गया था। सरकार ने सीबीआई को 'अनियमितताओं' की व्यापक जांच करने का निर्देश दिया।
शुभम खैरनार को 13 मई को मुंबई से गिरफ्तार किया गया था
कोर्ट ने जिन आरोपियों को सीबीआई हिरासत में भेजने का आदेश दिया उनमें नासिक के शुभम खैरनार, जयपुर के मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल और दिनेश बिवाल और गुरुग्राम से यश यादव शामिल हैं। शुभम खैरनार को 13 मई को मुंबई से गिरफ्तार किया गया था जहां से उसे दो दिनों की ट्रांजिट रिमांड पर दिल्ली लाया गया था. शुभम खैरनार महाराष्ट्र के नासिक का रहनेवाला है।
आरोप है कि मनीषा वाघमारे ने धनंजय लोखंडे को नीट के प्रश्न पत्र दिए
आरोप है कि मनीषा वाघमारे ने धनंजय लोखंडे को नीट के प्रश्न पत्र दिए, बाद में धनंजय लोखंडे ने शुभम खैरवार को प्रश्नपत्र दिए, सीबीआई ने कहा कि मनीषा वाघमारे को लेकर जांच चल रही है।
प्रश्न पत्र पीडीएफ फॉर्मेट में व्हाट्स ऐप और टेलिग्राम के जरिये सर्कुलेट!
सीबीआई के मुताबिक 3 मई को नीट की परीक्षा के पहले ही प्रश्न पत्र पीडीएफ फॉर्मेट में व्हाट्स ऐप और टेलिग्राम के जरिये सर्कुलेट कर दिया गया. इस मामले में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के उच्च शिक्षा विभाग के डायरेक्टर वरुण भारद्वाज की शिकायत पर सीबीआई ने 12 मई को एफआईआर दर्ज किया था।
