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सुप्रीम कोर्ट ने प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ दर्ज FIR की रद्द, 5 सितंबर को नहीं होगा CJP का इंडिया गेट मार्च

Supreme Court News: दिल्ली में 5 सितंबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का इंडिया गेट मार्च नहीं होगा। पार्टी ने सुप्रीम कोर्ट में खुद इसका वादा किया है। सुप्रीम कोर्ट ने छात्रों के खिलाफ दर्ज FIR को रद्द कर दिया है।

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सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो- PTI)

Supreme Court News: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान छात्रों के खिलाफ दर्ज किए गए एफआईआर को रद्द करने का आदेश दे दिया है। हालांकि इसमें वो छात्र शामिल नहीं होंगे, जिनके खिलाफ क्रिमिनल रिकॉर्ड है। सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला उन राज्यों में भी लागू होगा, जहां नीट प्रदर्शनकारी के खिलाफ केस दर्ज किए गए हैं। इसके साथ ही अब दिल्ली में 5 सितंबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का इंडिया गेट मार्च नहीं होगा। पार्टी ने सुप्रीम कोर्ट में खुद इसका वादा किया है।

सुप्रीम कोर्ट ने क्या आदेश दिया?

सुप्रीम कोर्ट ने अनुच्छेद 142 की शक्तियों का इस्तेमाल करके प्रदर्शनकारी छात्रों पर दर्ज FIR को रद्द कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के साथ-साथ असम, पश्चिम बंगाल और बिहार में भी छात्रों के खिलाफ दर्ज मामले को खत्म कर दिया। दिल्ली पुलिस सिर्फ 2873 लोगों के खिलाफ FIR जारी रखेगी, ये वैसे लोग हैं जिन्होंने प्रदर्शन के दौरान तोड़फोड़ की थी, इनका क्रिमिनल रिकॉर्ड है।

सीजेपी का मार्च स्थगित

आज सुप्रीम कोर्ट में उस याचिका पर सुनवाई हुई, जिसमें दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट ने उन FIR को रद्द करने के लिए कहा, जो जंतर-मंतर आंदोलन के दौरान दर्ज किए गए थे। हालांकि इसमें क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले शामिल नहीं हैं। इसी मामले की सुनवाई के दौरान SG तुषार मेहता ने CJP के 5 सितंबर के प्रस्तावित मार्च को खत्म किए जाने की मांग की थी। तुषार मेहता ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट अनुच्छेद 142 का इस्तेमाल कर उन प्रदर्शनकारियों के खिलाफ केस रद्द कर दें, जो जंतर-मंतर वाले प्रदर्शन में शामिल थे। क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले प्रदर्शनकारियों के लिए अलग से केस फाइल की जाएगी।

इसके बाद सीजेपी की ओर से सौरव दास ने सीजेआई के सामने यह कहा कि पांच सितंबर को होने वाले मार्च को वो स्थगित करते हैं।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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