संसद के शीतकालीन सत्र की शुरूआत हो गई है। पीएम मोदी ने लोकसभा में कहा कि 'विपक्षी अहम मुद्दे उठाएं, पराजय की निराशा से बाहर निकलकर आएं। मेरा सभी दलों से आग्रह है कि शीतकालीन सत्र में पराजय की बौखलाहट को मैदान नहीं बनना चाहिए। ये सत्र विजय के अहंकार में भी नहीं बदलना चाहिए। बहुत संतुलित तरीके से, जिम्मेदारी के साथ, जनप्रतिनिधित्व का दायित्व दिया है, उसे संभालते हुए आगे बढ़ें।'
पीएम मोदी ने आगे कहा कि 'राजनीति में नकारात्मकता उपयोगी हो सकती है। लेकिन अंततः राष्ट्र निर्माण के लिए सकारात्मक सोच भी होनी चाहिए। मैं आपसे अपेक्षा करता हूं कि आप नकारात्मकता को सीमित रखें और राष्ट्र निर्माण पर ध्यान केंद्रित करें। यह शीतकालीन सत्र एक और कारण से भी महत्वपूर्ण है। हमारे नए सभापति हमारे उच्च सदन को मार्गदर्शन देंगे। मैं उन्हें शुभकामनाएं देता हूँ। जीएसटी सुधारों ने देशवासियों में श्रद्धा का वातावरण बनाया है। इस सत्र में भी इस दिशा में बहुत काम होगा।'
वहीं कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने एयर पॉल्यूशन और SIR जैसे मुद्दों पर चर्चा को लेकर विरोध जताया है। उनका कहना है कि 'एयर पॉल्यूशन और SIR ज़रूरी मुद्दे हैं, यह कोई ड्रामा नहीं है। सरकार इन मुद्दों पर चर्चा की इजाजत क्यों नहीं दे रही है?'
प्रदूषण पर कांग्रेस MP प्रियंका गांधी वाड्रा ने ट्वीट कर लिखा- 'मुझे लगता है कि यह एक शर्मनाक स्थिति है। यह हमारे देश की राजधानी है। हमें अपने राजनीतिक मतभेदों को एक तरफ रखकर कुछ कड़े कदम उठाने चाहिए। हम अपने बच्चों के साथ ऐसा कैसे कर सकते हैं? एक स्टडी के मुताबिक, आज 22 लाख बच्चे ऐसे हैं जिनके फेफड़ों को पक्का नुकसान हुआ है, उनके बड़े लोगों के साथ-साथ सांस की दूसरी दिक्कतों से भी लोग परेशान हैं। अस्पताल सांस की दिक्कतों वाले लोगों से भरे हुए हैं। हम बैठकर कुछ नहीं कर सकते?... अगर वे ऐसा करते हैं तो हम सरकार का साथ देने के लिए यहां हैं। केंद्र सरकार और राज्य सरकार को तुरंत एक्शन लेना चाहिए।'
संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू
संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो गया है जो 19 दिसंबर तक चलेगा। विपक्ष एसआईआरके मुद्दे पर सरकार को घेरने की तैयारियों में है। कल ही सर्वदलीय बैठक के बाद विपक्ष ने इस पर अपनी मंशा भी साफ कर दी थी। संसद के शीतकालीन सत्र में परमाणु ऊर्जा विधेयक-2025 के साथ 9 नए बिल पेश होने हैं। सरकार ने सोमवार से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में पेश करने के लिए नौ आर्थिक विधेयकों को सूचीबद्ध किया है, जिनमें बीमा कानूनों में संशोधन करने वाला एक विधेयक और तंबाकू औक पान मसाला जैसी हानिकारक वस्तुओं पर टैक्स और उपकर लगाने से संबंधित दो अन्य विधेयक शामिल हैं। लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने एसआईआर मुद्दे पर जमकर हंगामा किया और नारेबाजी की।
'सबसे बड़ा मुद्दा SIR'
वहीं इससे पहले सपा के राज्यसभा सांसद प्रोफेसर रामगोपाल यादव ने संसद के शीतकालीन सत्र की शुरुआत से पहले साफ कहा है कि सबसे बड़ा मुद्दा एसआईआर है, एसआईआर पर चर्चा अगर नहीं होगी, तो हम सदन नहीं चलने देंगे। उधर राज्यसभा में कांग्रेस के डिप्टी लीडर प्रमोद तिवारी ने भी कहा है कि एसआईर पर चर्चा होनी चाहिए, उन्होंने दो टूक कहा कि सदन चलाने की जिम्मेदारी सत्तापक्ष की भी है, बीएलओ मर रहे हैं और हम चुप बैठे रहें, ऐसा नहीं होगा।
