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क्या प्रेशर कुकर में खाना बनाना सेहत के लिए सही है, एक्सपर्ट से जानिए क्या सच में खत्म हो जाते हैं न्यूट्रिएंट्स

Does Pressure Cooking Destroy Nutrients: आपने अक्सर लोगों से सुना होगा कि प्रेशर कुकर में खाना तो जल्दी बन जाता है, मगर खाने का पोषण कम हो जाता है। लेकिन क्या वाकई प्रेशर कुकर में खाना बनाने से न्यूट्रिएंट्स खत्म हो जाते हैं? जानिए सेहत के लिहाज से प्रेशर कुकर में बना खाना कितना हेल्दी।

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प्रेशर कुकर में बना खाना सेहत के लिए कितना सुरक्षित

Does Pressure Cooking Destroy Nutrients: आज भी कई घरों में यह बात सुनने को मिल जाती है कि प्रेशर कुकर में खाना बनाने से उसका पूरा पोषण खत्म हो जाता है। कुछ लोग इसी वजह से दाल या सब्जियां खुले बर्तन में पकाना ज्यादा सही मानते हैं। लेकिन क्या सच में ऐसा होता है? अगर आप भी इस बात को लेकर उलझन में हैं, तो अब इसकी सच्चाई जान लीजिए। डॉक्टरों और रिसर्च के मुताबिक, सही तरीके से इस्तेमाल किया गया प्रेशर कुकर सेहत के लिए नुकसानदायक नहीं है। बल्कि कई मामलों में यह लंबे समय तक डीप फ्राइंग या उबालकर खाना बनाने से बेहतर माना जाता है। आइए जानते हैं कि एक्सपर्ट इस बारे में क्या कहते हैं।

क्या प्रेशर कुकर में खाना बनाने से पोषण खत्म हो जाता है?

इस सवाल का सीधा जवाब है - नहीं। खाना पकाते समय कुछ ऐसे विटामिन होते हैं जो गर्मी से थोड़ा कम हो सकते हैं। लेकिन यह सिर्फ प्रेशर कुकर में नहीं, बल्कि किसी भी तरीके से खाना पकाने पर हो सकता है। फर्क सिर्फ इतना है कि प्रेशर कुकर में खाना जल्दी पक जाता है और इसमें कम पानी लगता है। इसलिए जरूरी पोषक तत्वों का नुकसान भी कम होता है।

वैज्ञानिक अध्ययनों के अनुसार, खाना कितनी देर तक और कितने पानी में पकाया जाता है, इससे पोषक तत्वों पर ज्यादा असर पड़ता है। प्रेशर कुकर में खाना कम समय और कम पानी में पकता है, इसलिए लंबे समय तक उबालने की तुलना में कई जरूरी पोषक तत्व बेहतर तरीके से सुरक्षित रह सकते हैं। लंबे समय तक खाना उबालने पर पानी में घुलने वाले कुछ विटामिन ज्यादा कम हो सकते हैं, जबकि प्रेशर कुकर में ऐसा कम होता है।

डॉक्टर मानते हैं अच्छा विकल्प

डॉक्टर मानते हैं अच्छा विकल्प

डॉक्टर ने बताया क्यों है यह अच्छा विकल्प

फरीदाबाद के अमृता हॉस्पिटल में इंटरनल मेडिसिन विभाग के सीनियर कंसल्टेंट डॉ. मोहित शर्मा बताते हैं कि प्रेशर कुकर को लेकर लोगों के मन में कई गलतफहमियां हैं। उनके अनुसार, कम समय और कम पानी में खाना पकने की वजह से कई जरूरी विटामिन और मिनरल बेहतर तरीके से बचे रहते हैं। खासकर दाल, राजमा, छोले और दूसरी फलियों को पकाने के लिए प्रेशर कुकर एक अच्छा और सुरक्षित तरीका माना जाता है।

डॉ. शर्मा यह भी कहते हैं कि खाने का असली नुकसान तब होता है, जब उसे जरूरत से ज्यादा पकाया जाए, बार-बार गर्म किया जाए या बहुत ज्यादा तेल में बनाया जाए।

दाल और बीन्स के लिए क्यों है ज्यादा फायदेमंद?

बता दें कि दाल, राजमा और छोले जैसी चीजें प्रेशर कुकर में जल्दी गल जाती हैं। इससे ये पचाने में आसान हो जाती हैं और शरीर को इनमें मौजूद प्रोटीन का फायदा भी बेहतर तरीके से मिल पाता है। रिसर्च बताती है कि प्रेशर कुकिंग इन खाद्य पदार्थों में मौजूद कुछ ऐसे प्राकृतिक तत्वों को भी कम करती है, जो शरीर को पोषक तत्व पूरी तरह लेने से रोक सकते हैं।

डाइटिशियन ने भी दूर किया बड़ा भ्रम

रजिस्टर्ड डाइटिशियन और हेल्थ इंफ्लुएंसर भावेश गुप्ता का कहना है कि प्रेशर कुकर सिर्फ भाप और दबाव की मदद से खाना जल्दी पकाता है। उनके मुताबिक, सामान्य उबालने या डीप फ्राई करने की तुलना में इसमें पोषक तत्वों का नुकसान कम होता है। साथ ही खाना बनाते समय कुछ ऐसे हानिकारक तत्व भी कम बनते हैं, जो ज्यादा तापमान या लंबे समय तक पकाने पर बन सकते हैं।

आखिर क्या रखें ध्यान

अगर आप चाहते हैं कि खाने का पूरा फायदा शरीर को मिले, तो प्रेशर कुकर का सही इस्तेमाल करें। खाना जरूरत से ज्यादा न पकाएं, बार-बार गर्म करने से बचें और बहुत ज्यादा तेल का इस्तेमाल न करें। कुल मिलाकर, एक्सपर्ट और वैज्ञानिक रिसर्च यही बताते हैं कि सही तरीके से इस्तेमाल किया गया प्रेशर कुकर पोषण का दुश्मन नहीं, बल्कि रोजमर्रा की रसोई का एक समझदारी भरा और सेहतमंद विकल्प है।

Vineet
विनीत author

विनीत टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में हेल्थ डेस्क के साथ बतौर चीफ कॉपी एडिटर जुड़े हैं। दिल्ली के रहने वाले विनीत को हेल्थ, फिटनेस और न्यूट्रिशन जैसे विष... और देखें

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