Kis Kis ko Pyaar Karoon 2: कपिल शर्मा की कॉमिक टाइमिंग ने फिर किया कमाल, हंसी और इमोशन का परफेक्ट तड़का
- Authored by: अर्चना वशिष्ठ
- Updated Dec 12, 2025, 02:06 PM IST
Kis Kis ko Pyaar Karoon 2: फिल्म की सबसे बड़ी ताकत कपिल शर्मा की बेहतरीन कॉमिक टाइमिंग है। फैंस को फिल्म का ये मजेदार तिगडम काफी पसंद आ रहा है। ‘किस किसको प्यार करूँ 2’ एक ऐसी फिल्म है जिसे आप परिवार के साथ बैठकर आराम से देख सकते हैं।
Kis Kis ko Pyaar Karoon 2
Kis Kis ko Pyaar Karoon 2: कपिल शर्मा स्टार फिल्म ‘किस किसको प्यार करूँ 2’ एक मज़ेदार, हल्की-फुल्की फैमिली एंटरटेनर है, जो शुरुआत से अंत तक दर्शकों को बांधे रखती है। कहानी मोहन (Kapil Sharma) की है—एक ऐसा आम आदमी जिसकी ज़िंदगी एक अनोखे चक्कर में फंस जाती है। अनजाने हालातों की वजह से वह मीरा (Tridha Choudhary), जेनी (Parul Gulati) और रूही (Ayesha Khan) तीनों से शादी कर बैठता है। इन रिश्तों को संभालना ही उसके लिए काफी नहीं था कि तभी उसकी पुरानी अधूरी मोहब्बत सानिया (हीरा वनिया) अचानक उसकी ज़िंदगी में कदम रख देती है।
अब मोहन की उलझनों में एक और मोड़ जुड़ जाता है। क्या तीन-तीन शादियों के बावजूद उसे उसका सच्चा प्यार मिलेगा? क्या वह इस कॉमिक कैओस से निकल पाएगा? फिल्म इन्हीं सवालों को मजेदार, हल्के-फुल्के अंदाज़ में सामने लाती है।
कपिल शर्मा की शानदार परफॉर्मेंस
फिल्म की सबसे बड़ी ताकत कपिल शर्मा की बेहतरीन कॉमिक टाइमिंग है। उनकी डायलॉग डिलीवरी, चेहरे के एक्सप्रेशन्स और हालातों पर उनकी स्वाभाविक प्रतिक्रिया कई जगह पेट पकड़कर हंसाती है। सिर्फ कॉमेडी ही नहीं, कपिल इस बार इमोशनल सीन में भी दमदार नजर आते हैं। किरदार का कन्फ्यूजन, दर्द और रोमांटिक पहलू—तीनों को उन्होंने खूबसूरती से पकड़ा है।
सपोर्टिंग कास्ट ने बढ़ाया रंग
फिल्म की चारों लीड एक्ट्रेसेज़—हीरा वनिया, त्रिधा चौधरी, पारुल गुलाटी और आयशा खान—ने अपनी-अपनी भूमिकाओं में पूरा दम दिखाया है। कपिल के साथ उनकी केमिस्ट्री स्क्रीन पर ताज़गी लाती है।मंजोत सिंह कपिल के दोस्त के रूप में लगातार माहौल हल्का रखते हैं। वहीं अखिलेंद्र मिश्रा, विपिन शर्मा, सुशांत सिंह और जैमी लीवर अपनी मौजूदगी से कहानी में ऊर्जा भरते हैं।
कॉमेडी, म्यूज़िक और नॉस्टेलजिक फील
फिल्म में कई ऐसे सीक्वेंस हैं जो खुलकर हंसाते हैं। डायलॉग्स चुटीले और प्रभावी हैं। म्यूज़िक भी पकड़ बनाने वाला है—कुछ गाने फिल्म ख़त्म होने के बाद भी दिमाग में घूमते रहते हैं। तकनीकी तौर पर फिल्म संतुलित है। सिनेमैटोग्राफी हल्की-सी नॉस्टेलजिक फील देती है, खासकर शुरुआती 2000s की फिल्मों की याद दिलाती है। एडिटिंग टाइट है और बैकग्राउंड स्कोर कहानी को आवश्यक डेप्थ देता है।
फैमिली के साथ देखने लायक एंटरटेनर
‘किस किसको प्यार करूँ 2’ एक ऐसी फिल्म है जिसे आप परिवार के साथ बैठकर आराम से देख सकते हैं। हंसी, इमोशन और थोड़ी-सी रोमांस—फिल्म इन तीनों को अच्छे से बैलेंस करती है। हमारी तरफ से फिल्म को 3.5 स्टार दिए जाते हैं।