Piyush Pandey Dies At The Age Of 70: भारतीय विज्ञापन जगत के गुरू कहे जाने वाले पीयूष पांडे का निधन हो गया है। पीयूष पांडे ने 70 वर्ष की उम्र में इस दुनिया को अलविदा कह दिया। पीयूष पांडे को भारतीय विज्ञापनों की दुनिया का अहम हिस्सा माना जाता है। उन्होंने न केवल कई विज्ञापनों में अपनी आवाज दी, बल्कि कई ऐसे नारे भी दिये जो आज भी लोगों की जुबान पर हैं। पीयूष पांडे (Piyush Pandey) के निधन से उनके फैंस को झटका लगा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों ने पीयूष पांडे के निधन पर शोक जाहिर किया और उन्हें श्रद्धांजली दी। पीयूष पांडे ने कई विज्ञापनों को अपनी आवाज दी थी, जिसमें फेवीकॉल से लेकर कैडबरी डेरी मिल्कर और बोरो प्लस तक का नाम शामिल है। यहां तक कि साल 2014 में पीयूष पांडे ने भाजपा के लिए भी नारा दिया था, जो कि 'अबकी बार मोदी सरकार' था।
पीयूष पांडे (Piyush Pandey) के निधन की पुष्टि उनकी बहन इला अरुण ने की। उन्होंने पीयूष पांडे के निधन को लेकर बयान जारी किया, जिसमें उन्होंने कहा, "प्रियजनों, हताश और टूटे हुए दिल के साथ मैं आप सभी को सूचित करने के लिए ये लिख रही हूं कि हमने अपने प्रिय और महान भाई पीयूष पांडे को आज सुबह खो दिया।" पीयूष पांडे को उनके फैंस याद करते हुए नहीं थक रहे हैं। एड गुरू के निधन पर शोक जताते हुए एक यूजर ने लिखा, "फेविकोल आपको बहुत लोगों से जोड़ चुका है। ये जोड़ टूटेगा नहीं। आपकी आत्मा को शांति मिले।" दूसरे यूजर ने पीयूष पाडे के डायलॉग्स को याद करते हुए लिखा, "पीयूष पांडे को लंबे वक्त तक याद किया जाएगा।"
बता दें कि पीयूष पांडे (Piyush Pandey) का जन्म 1955 में राजस्थान की राजधानी जयपुर में हुआ था। उन्हें पद्मश्री जैसे पुरस्कारों से नवाजा जा चुका है। उन्होंने कई दशकों तक ओगिल्वी इंडिया में काम किया और बहुत से मशहूर विज्ञापनों को अपनी आवाज दी। पीयूष पांडे के विज्ञापनों में 'फेवीक्विक ऐड कैंपेन 'तोड़ो नहीं जोड़ो', 'गूगली वूगली वूश- पॉन्ड्स', एशियन पेंट्स ऐड कैंपेन- हर घर कुछ कहता है, कैडबरी डेरी मिल्क ऐड कैंपेन 'कुछ खास है' और 'मिले सुर मेरा तुम्हारा...' तक शामिल है।
