Mamata Banerjee on Bike: पश्चिम बंगाल में दूसरे फेज की वोटिंग 29 अप्रैल को होनी है। ऐसे में प्रत्याशी मतदाताओं से कनेक्ट करने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगाए हुए हैं। चाहे बीजेपी हो या टीएमसी सभी प्रचार के एक से एक अनूठे तरीके अपना रहे हैं। बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कोलकाता के चार निर्वाचन क्षेत्रों में प्रचार करते समय बाइक पर पीछे बैठीं नजर आईं।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कोलकाता के निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव प्रचार के दौरान एक अनोखा तरीका अपनाया, जहां वे एक टीएमसी कार्यकर्ता की बाइक पर पीछे (Pillion) बैठी नजर आईं।
ममता बनर्जी ने अपनी आखिरी चुनावी जंग में जनसंपर्क करने के लिए बाइक की सवारी चुनी। चुनाव आयोग द्वारा बाइक रैलियों पर प्रतिबंध के बाद यह कदम सामने आया, जिसे उन्होंने 'बदमाशी' कहा था। उनके बाइक पर पीछे बैठने और प्रचार करने का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है।
ममता ने भवानीपुर में सब्जी खरीदारी कर जनता से संवाद किया
वहीं इससे पहले रविवार की शाम ममता बनर्जी ने भवानीपुर में सब्जी खरीदारी कर जनता से संवाद किया, वहीं दूसरी ओर पीएम मोदी ने टीएमसी सरकार को 'जंगलराज' बताते हुए महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल उठाए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपनी हालिया यात्रा के दौरान 'झालमुड़ी खाने लेने की तस्वीरें सामने आने के बाद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी बाजार का दौरा करते नजर आईं। रविवार शाम अपने निर्वाचन क्षेत्र भवानीपुर में एक रैली से लौटते समय अचानक सब्जी मंडी पहुंचकर सभी को चौंका दिया।
न केवल सब्जियां खरीदीं, बल्कि फलों की एक टोकरी भी ली
ममता बनर्जी ने भवानीपुर की एक सब्जी मंडी में रुककर न केवल सब्जियां खरीदीं, बल्कि फलों की एक टोकरी भी ली। भवानीपुर के पुराने इलाकों में उनके इस 'पदयात्रा' के दौरान पुरुलिया का प्रसिद्ध 'छऊ नृत्य' और पारंपरिक 'ढाक' की गूंज सुनाई दी। इस दौरान बैकग्राउंड में तृणमूल का चुनावी गीत 'जतोई कोरो हमला, आबार जितबे बांग्ला' (चाहे जितने हमले कर लो, बंगाल ही जीतेगा) बज रहा था।
भवानीपुर में ममता बनाम शुभेंदु सरकार
ममता बनर्जी अपने गृह क्षेत्र भवानीपुर से चुनाव लड़ रही हैं, जहां भाजपा ने उनके पूर्व सहयोगी और वर्तमान में विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी को मैदान में उतारा है। रैली के दौरान ममता ने कहा, 'हमें साथ मिलकर रहना चाहिए और इस क्षेत्र के सभी नागरिकों को अच्छी सुविधाएं मिलनी चाहिए। हमने कई मंदिर बनाए हैं, जैन समुदाय के लिए बड़ा मंदिर बन रहा है और इस्लामिया अस्पताल व इस्कॉन मंदिर की भी स्थापना की है।'
