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Haryana School Summer Vacation 2026: हरियाणा में 25 मई से स्कूल की छुट्टी, हीटवेव के चलते लिया फैसला

Haryana Summer vacation : हरियाणा में भीषण गर्मी को देखते हुए हीटवेव का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। रोहतक 46.9 डिग्री के साथ सबसे गर्म रहा। वहीं 25 मई से नौतपा भी शुरू हो रहा है। इस बीच समर वेकेशन को 6 दिन एडवांस करने का फैसला लिया गया है।

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Haryana School Closed

Haryana School Closed : हरियाणा में लगातार बढ़ रही गर्मी को देखते हुए 25 मई से स्कूलों की छुट्टियां घोषित की गई हैं। यानी अब बच्चों को शनिवार 23 मई तक ही स्कूल जाना होगा। इससे पहले 1 जून से ये छुट्टियां तय थीं लेकिन हीटवेव को देखते हुए सरकार ने स्कूल की छुट्टियों को लेकर ये फैसला लिया है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा की करीब 2 घंटे तक बैठक चली, जिसमें समर वेकेशन को 6 दिन एडवांस करने का फैसला लिया गया। सीएम नायब सैनी ने बैठक के बाद ये जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भीषण गर्मी के चलते सरकारी ने रिव्यू किया। बताते चलें कि मौसम विभाग ने राज्य में हीटवेव का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। रोहतक 46.9 डिग्री के साथ सबसे गर्म रहा। वहीं 25 मई से नौतपा भी शुरू हो रहा है।

रेवाड़ी में बदला स्कूलों का समय

रेवाड़ी जिले में भीषण गर्मी के चलते सभी सरकारी और गैर सकारी स्कूलों का समय 20 मई 2026 से आगामी आदेश तक सुबह 7 बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक तय किया गया है। डीसी ने जिला शिक्षा विभाग के अधिकारियों को इन आदेशों का पालन करने के निर्देश भी दिए हैं।

फोन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध

स्कूली छुट्टी के अलावा मीटिंग में शिक्षा व्यवस्था को अनुशासित बनाने के लिए शिक्षा मंत्री ने बड़ा फैसला लेते हुए कहा कि अब सरकारी स्कूलों के शिक्षक कक्षा के भीतर मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। उनका कहना है कि पढ़ाई के दौरान मोबाइल के इस्तेमाल से छात्रों का ध्यान भटकता है।

पहली बार लू का ऑरेंज अलर्ट

बताते चलें कि इस साल हरियाणा में भीषण गर्मी पड़ रही है। लू से हालात बेहद खराब हो गए हैं। ऐसे में मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पहली बार राज्य में भीषण लू का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

श्रमदान को भी किया शामिल

इसके साथ ही छात्रों में सामाजिक जिम्मेदारी, अनुशासन और श्रम के प्रति जिम्मेदारी का भाव बढ़ाने के लिए अब हरियाणा के स्कूली पाठ्यक्रम में श्रमदान भी शामिल होगा। इसके तहत स्कल परिसर की साफ-सफाई, बागवानी और पर्यावरण संरक्षण जैसे रचनात्मक कार्यों को जोड़ा जाएगा ताकि छात्र आत्मनिर्भर और जिम्मेदार बनें।

Kusum Bhatt
कुसुम भट्ट author

टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बतौर एजुकेशन जर्नलिस्ट कार्यरत कुसुम भट्ट शिक्षा जगत से जुड़ी हर छोटी-बड़ी हलचल पर पैनी नजर रखती हैं। मास्टर्स इन मास कम्... और देखें

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