ाDU UG Admission Without CUET: दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) में ग्रेजुएट कोर्स में एडमिशन के लिए इस समय कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) और सेंट्रलाइज्ड कॉमन सीट एलोकेशन सिस्टम (CSAS) के माध्यम से एडमिशन की प्रक्रिया चल रही है। इस बीच यूनिवर्सिटी के दो ऑफ कैंपस कॉलेज अदिति महाविद्यालय और भगिनी निवेदिता कॉलेज ने 12वीं के मार्क्स के आधार पर सीधे एडमिशन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इन दोनों कॉलेजों ने सीयूईटी सीएसएएस प्रक्रिया से अलग अपनी वेबसाइट के माध्यम से आवेदन आमंत्रित किए हैं। छात्र सीधे एप्लीकेशन फॉर्म भरकर कॉलेज में जमा करवा सकते हैं। यहां 12वीं के अंकों के आधार पर मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी।
बता दें भगिनी निवेदिता कॉलेज ने आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 5 अगस्त तय की है, जबकि अदिति महाविद्यालय ने भी सीमित समय के लिए सीधे आवेदन स्वीकार किए हैं। कॉलेज की प्रिंसिपल का कहना है कि हमारे यहां लगभग 1000 सीटें हैं, लेकिन अब तक कुल 100 छात्रों ने ही एडमिशन लिया है। सीयूईटी आने के बाद पिछले कुछ वर्षों से हमारे कॉलेज में बड़ी संख्या में सीटें खाली रह जाती हैं।
वहीं नजफगढ़ में स्थित भगिनी निवेदिता कॉलेज की प्रिंसिपल रूबी मिश्रा ने मीडिया से बातचीत के दौरान बताया कि कॉलेज को शुरू में CSAS के जरिए अपनी 985 सीटों के लिए लगभग 600 आवेदन मिले थे, लेकिन DU के अपग्रेड राउंड के बाद सिर्फ 200 के करीब आवेदक ही बचे। यह कॉलेज एक ग्रीन ज़ोन में है। यहां आने जाने में भले ही कोई बड़ी दिक्कत न हो, लेकिन कैंपस के आस पास कोई हॉस्टल, कैफे या छात्रों के लिए जरूरी माहौल नहीं है।
दिल्ली यूनिवर्सिटी ने क्या कहा
दिल्ली यूनिवर्सिटी के मुताबिक यह किसी नई प्रवेश नीति की शुरुआत नहीं है, बल्कि केवल उन कॉलेजों के लिए दी गई विशेष अनुमति है, जहां पिछले कई वर्षों से बड़ी संख्या में सीटें खाली रह जाती हैं। उन्होंने साफ किया कि डीयू इसे पॉलिसी में बदलाव नहीं मान रहा है। किसी और कॉलेज ने हमसे ऐसी कोई रिक्वेस्ट नहीं की है। इसे दिल्ली विश्वविद्यालय की एडमिशन पॉलिसी में बदलाव के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। अंडर ग्रजुएट कोर्स में एडमिशन सीयूईटी और सीएसएएस के जरिए ही होते रहेंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि इन कॉलेजों की भौगोलिक स्थिति, सीमित छात्र सुविधाएं और अपग्रेड राउंड के बाद छात्रों के अन्य कॉलेजों में चले जाने के कारण सीटें भरना लगातार चुनौती बना हुआ है।
DU UG Admission Without CUET: एडमिशन के बाद सैकड़ों सीटें खाली
पिछले वर्षों के आंकड़े भी यही संकेत देते हैं। भगिनी निवेदिता कॉलेज और अदिति महाविद्यालय में प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी सैकड़ों सीटें खाली रह गई थी। ऐसे में कॉलेजों ने विश्वविद्यालय से अनुरोध किया है कि उन्हें 12वीं के अंकों के आधार पर भी एडमिसन देने की अनुमति दी जाए ताकि खाली सीटों को भरा जा सके और स्थानीय छात्रों को अवसर मिल सके।
DU UG 2026 Admission Without CUET: इसलिए एडमिशन में आती है दिक्कत
कॉलेजों के प्राचार्यों का मानना है कि दोनों संस्थान शहर के बाहरी इलाकों में स्थित हैं। हॉस्टल जैसी सुविधाओं की कमी और लंबी दूरी तय करने की वजह से कई छात्र यहां दाखिला लेने से बचते हैं। इसके अलावा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के कई विद्यार्थी सीयूईटी के लिए आवेदन नहीं कर पाते या उन्हें इस प्रक्रिया की पूरी जानकारी नहीं होती। ऐसे छात्रों को उच्च शिक्षा से जोड़ने के लिए 12वीं के अंकों के आधार पर प्रवेश एक अच्छा विकल्प साबित हो सकता है।
