क्राइम

ओडिशा में 13 साल की लड़की की अस्पताल में मौत, खुद को लगाई थी आग, जांच में जुटी पुलिस

बरगढ़ जिले के गैसिलाट थाना क्षेत्र के फिरिंगमल गांव के एक फुटबॉल मैदान से ग्रामीणों ने नाबालिग को अधजली हालत में बचाया था। उसे बरगढ़ जिला मुख्यालय अस्पताल और बाद में बुर्ला के विमसार (VIMSAR) ले जाया गया था जहां उसने दम तोड़ दिया।

Image

ओडिशा में एक और लड़की ने खुद को आग लगाई (फाइल फोटो- PTI)

13 Year Old Girl Dies in Bargarh: ओडिशा के बरगढ़ जिले के एक गांव में कथित तौर पर खुद को आग लगाने वाली 13 वर्षीय स्कूली छात्रा ने सोमवार को बुर्ला के एक अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने यह जानकारी दी। राज्य में एक महीने से भी कम समय में यह इस तरह की चौथी घटना है। विपक्षी दलों ने तथ्य-जांच के लिए टीमें मौके पर भेजकर आक्रोश जताया है। बरगढ़ जिले के प्रभारी, बोलांगीर के एसपी अभिलाष जी ने कहा कि बुर्ला स्थित वीर सुरेंद्र साईं आयुर्विज्ञान एवं अनुसंधान संस्थान (VIMSAR) में लड़की की मौत हो गई। हम लड़की द्वारा यह कदम उठाने के कारणों की जांच कर रहे हैं।

लड़की से जुड़ा एक वीडियो भी बरामद

एसपी ने कहा कि पुलिस ने उसके परिवार के सदस्यों की शिकायत के बाद अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया है। उन्होंने बताया कि घटना की जांच के लिए तीन सदस्यीय पुलिस दल का गठन किया गया है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने लड़की से जुड़ा एक वीडियो भी बरामद किया है। जांच की निगरानी कर रहे उत्तरी रेंज के पुलिस महानिरीक्षक हिमांशु लाल ने बताया कि पुलिस घरेलू कलह, दोस्ती में दरार या अन्य पहलुओं से घटना की जांच कर रही है। लाल ने बताया कि लड़की एक छात्रावास में रहती थी और अपने मामा के घर आई थी, जहां उसने यह कदम उठाया।

बरगढ़ जिले के गैसिलाट थाना क्षेत्र के फिरिंगमल गांव के एक फुटबॉल मैदान से ग्रामीणों ने नाबालिग को अधजली हालत में बचाया था। उसे बरगढ़ जिला मुख्यालय अस्पताल और बाद में बुर्ला के विमसार (VIMSAR) ले जाया गया। पुलिस महानिरीक्षक ने कहा कि अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं और जांच जारी है। पुलिस कई लोगों से पूछताछ कर रही है, जिनमें एक स्थानीय दुकानदार भी शामिल है जो कथित तौर पर गांव में पेट्रोल बेचता है। पुलिस ने बताया कि लड़की के दूर के रिश्तेदारों से भी पूछताछ की जा रही है।

पूर्व सीएम नवीन पटनायक ने उठाए सवाल

वहीं, ओडिशा के पूर्व सीएम और बीजेडी प्रमुख नवीन पटनायक ने ट्वीट किया, यह जानकर गहरा दुख, सदमा और पीड़ा हुई कि बारगढ़ के गासीलाट की एक और लड़की ने खुद को आग लगाने के बाद दम तोड़ दिया। युवा लड़की के प्रति मेरी संवेदनाएं, और दुःख की इस घड़ी में परिवार के सदस्यों के लिए प्रार्थनाएं। ईश्वर परिवार के सदस्यों को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति दे। यह बेहद परेशान करने वाला है कि जिस तरह से हमारी लड़कियां अपनी जान लेने के लिए खुद पर ज्वलनशील पदार्थ छिड़क रही हैं, वह एक हृदय विदारक पैटर्न है। एक महीने के भीतर इसी तरह की परिस्थितियों में चार युवतियों ने अपनी जान गंवा दी है। निर्दोष लोगों की हर मौत में ओडिशा की एक बेटी का दर्द छिपा है, जो इतना असहनीय हो गया कि उसने अपना जीवन समाप्त करने के अलावा कोई और रास्ता नहीं देखा। ये चार मौतें कोई छिटपुट मामले नहीं हैं- ऐसी कई लड़कियां हैं जो हर दिन अपराध का शिकार होने के बाद सबसे दुखद तरीके से मर रही हैं...।

बीजद और कांग्रेस नेता पहुंचे गांव

इस बीच, विपक्षी बीजद और कांग्रेस के अलग-अलग प्रतिनिधिमंडल अस्पताल और मृतक लड़की के मामा के गांव पहुंचे। पीड़िता एक आश्रम स्कूल में आठवीं कक्षा की छात्रा थी और कुछ दिन पहले अपने मामा के घर आई थी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि वह कुछ समय से बीमार थी और पदमपुर अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था। उसके पिता तमिलनाडु में प्रवासी मजदूर के रूप में रहते हैं। हालांकि, लड़की की मौत का सही कारण अभी पता नहीं चल पाया है। पुलिस महानिरीक्षक ने कहा कि जांच जारी है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक टीम की रिपोर्ट का इंतज़ार है, उसके बाद ही उसकी मौत के कारणों का पता चलेगा।

बीजद ने एक बयान में बालासोर, बलंगा (पुरी), केंद्रपाड़ा और अब बरगढ़ ज़िलों में महिलाओं को जलाने की घटनाओं पर चिंता जताई। पार्टी ने इन घटनाओं की पुनरावृत्ति के लिए पुलिस प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया। बीजद ने कहा, बालासोर जिले के आईआईसी और एसपी अभी भी प्रभारी हैं, हालांकि एफआईआर दर्ज नहीं की गई थी, और जब एफएम कॉलेज की छात्रा ने शिकायत दर्ज कराई, तब भी उन्होंने कुछ नहीं किया। इसी तरह, बलंगा की घटना में भी पुलिस ने परिवार द्वारा शुरू में बताए गए आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया है। बीजद ने आरोप लगाया कि नाबालिग लड़की की मौत के कुछ ही मिनटों बाद पुलिस ने चुप्पी साधने का आदेश जारी कर दिया। संस्थागत चुप्पी के कारण हर दिन ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

और पढ़ें
End of Article