Ram Mandir Donation Theft: उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने शुक्रवार को कहा कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव पद से चंपत राय के इस्तीफे के बाद सामने आए कथित राम मंदिर चंदा चोरी मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
समाचार एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रजेश पाठक ने कहा कि इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। निष्पक्ष जांच की जाएगी और सरकार कानून के अनुसार कार्रवाई करेगी।
चंपत राय ने महासचिव पद से दिया इस्तीफा
इससे पहले सूत्रों ने बताया कि चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने कथित चंदा चोरी मामले में नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। वहीं, अयोध्या पुलिस ने इस मामले के मुख्य आरोपियों में शामिल रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव को गिरफ्तार किया गया है।
किसने दर्ज कराई FIR?
टिन्नू यादव को ऐसे समय में गिरफ्तार में लिया गया जब पुलिस ने मामले में कथित तौर पर बड़े पैमाने पर पैसों की हेराफेरी को लेकर राम जन्मभूमि पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की। बकौल पुलिस, इस मामले में 25 जून को एफआईआर दर्ज की गई। शिकायत श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य कृष्णमोहन ने दर्ज कराई।
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एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए दान की गिनती और प्रबंधन से जुड़े कुछ कर्मचारियों ने सुनियोजित तरीके से धन की चोरी, गबन और वित्तीय अनियमितताएं कीं। शिकायत में इसे एक आपराधिक साजिश बताया गया है।
चंदा चोरी मामले में 9 लोगों पर FIR
इस मामले में नौ लोगों को नामजद किया गया है, जबकि कुछ अन्य अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है। नामजद आरोपियों में अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडेय, रामाशंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव, रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव और आशुतोष तिवारी शामिल हैं।
