सहारनपुर से कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के परिवार का अंदरूनी कलह अब केवल राजनीतिक मतभेद तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि यह एक बेहद गंभीर और सनसनीखेज पारिवारिक विवाद में बदल चुका है। सांसद इमरान मसूद के दामाद शायान मसूद के समाजवादी पार्टी में शामिल होने और अपने ससुर की राजनीतिक कार्यशैली पर सवाल उठाने के बाद शनिवार को इमरान के भतीजे हमजा नोमान मसूद ने फेसबुक लाइव आकर गंभीर और विस्फोटक आरोप लगाए हैं।
"बहन को पीटा, 1 साल के बच्चे को छोड़ा और घर से निकाला"
हमजा नोमान मसूद ने फेसबुक लाइव के जरिए भावुक होकर अपने बहनोई शायान मसूद और उनके पिता शादान मसूद पर गंभीर घरेलू हिंसा और उत्पीड़न के आरोप लगाए। हमजा का आरोप है कि राजनीतिक टिकट पाने और पारिवारिक दबाव बनाने के लिए शायान मसूद उनकी बहन सुबिया मसूद के साथ गलत शब्दों का इस्तेमाल करते थे और उन्हें प्रताड़ित करते थे। आरोप है कि बहनोई और उनके परिवार ने सुबिया मसूद के साथ मारपीट की और उसे घर से बाहर निकाल दिया। हमजा का दावा है कि शायान अपने एक साल के मासूम बच्चे को देखने तक नहीं आए।
"चाचा इमरान और मुझे हटाने की बातचीत की रिकॉर्डिंग मौजूद"
विवाद को और अधिक विस्फोटक बनाते हुए हमजा मसूद ने दावा किया कि उनके पास केवल घरेलू हिंसा ही नहीं, बल्कि एक बड़े राजनीतिक षड्यंत्र से जुड़े सबूत भी मौजूद हैं। मेरे पास ऐसी कई ऑडियो रिकॉर्डिंग और वीडियो मौजूद हैं, जिनमें मेरे चाचा सांसद इमरान मसूद और मुझे रास्ते से हटाने (साजिश रचने) जैसी गंभीर बातें की गई हैं। हमारे परिवार ने रिश्तेदारी और इज्जत की खातिर 5 साल तक सब्र रखा। लेकिन अब जब पानी सिर से ऊपर चला गया है, तो अगर बयानबाजी नहीं रुकी तो मैं ये सारी रिकॉर्डिंग और सबूत सार्वजनिक कर दूंगा।"
"विरोधी हाल पूछ रहे और अपने साजिश रच रहे"
हमजा ने इस मुश्किल दौर में परिवार की पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि एक तरफ उनके पिता अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ उनकी बहन और भांजा बेघर होकर परेशान हैं। उन्होंने कहा कि चौधरी परिवार और पूर्व सांसद फजलेउर रहमान (हाजी फज लुर रहमान) समेत राजनीतिक विरोधी खेमे के नेताओं ने भी उनके पिता की तबीयत का हाल-चाल पूछने के लिए फोन किया। लेकिन दुख की बात यह है कि घर के अपने ही लोग इस संकट की घड़ी में परिवार के खिलाफ राजनीतिक गतिविधियां और साजिशें रच रहे हैं।
अखिलेश यादव से सवाल और शायान मसूद का रुख
हमजा ने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव को घेरते हुए कहा कि पार्टी में ऐसे लोगों को जगह देने से पहले महिलाओं के सम्मान और पारिवारिक आचरण से जुड़े आरोपों को गंभीरता से देखा जाना चाहिए। गौरतलब है कि शायान मसूद ने लखनऊ में अखिलेश यादव की मौजूदगी में सपा का दामन थामा था। पार्टी जॉइन करने के बाद शायान ने स्पष्ट कहा था कि वह अपने ससुर इमरान मसूद की विचारधारा से सहमत नहीं हैं और अगर भाजपा को हराना है, तो उनके खिलाफ खुलकर बोलना होगा, न कि अखिलेश यादव पर निशाना साधना होगा।
