बिहार भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रदेश उपाध्यक्ष राजीव रंजन (Rajeev Ranjan) को 6 वर्षों के लिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से सस्पेंड कर दिया है। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष संजय जयसवाल (Sanjay Jaiswal) ने सस्पेंड करने के बाद कहा कि पार्टी विरोधी बयान देने को लेकर उन्हें चेतावनी दी गई थी लेकिन उनमें सुधार नहीं आया। वे लगातार बयान देते रहे हैं इसलिए राजीव रंजन को बीजेपी से तत्काल प्रभाव से 6 वर्षों के लिए सस्पेंड कर दिया गया।
बीजेपी के ओर से जारी निलंबन पत्र में कहा गया कि पार्टी के जिम्मेवार पद पर रहते हुए राजीव रंजन के बयान पार्टी की मूल भावनाओं के खिलाफ आ रहे थे। इसको लेकर उन्हें मौखिक तौर पर कई बार समझाया जा चुका था। लेकिन अपनी आदत से वे बाज नहीं आ रहे थे। पार्टी लाइन से हटकर बयान दे रहे थे। पार्टी के अनुशासन के उल्लंघन की वजह से उन्हें 6 साल के लिए सस्पेंड कर दिया गया। राजीव रंजन बीजेपी के प्रदेश उपाध्यक्ष के अलावा मीडिया विभाग के इंचार्ज भी थे।
उन्होंने पार्टी लाइन से हटकर शराबबंदी पर बयान दिया था।इस वजह से उन पर कार्रवाई हुई। उन्होंने पार्टी की ओर से शराब से मरने वालों को मुआवजा देने की मांग को गलत बताया था। उन्होंने कहा था कि जहरीली शराब से पहले भी मौतें हुई हैं। उन्होंने कहा था कि शराबबंदी कानून असफल होने के लिए प्रशासन जिम्मेदार है। सरकार कानून बनाती है उसका पालन करवाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। इस अनुशासनहीनता की वजह से बीजेपी राजीव रंजन को तत्काल प्रभाव से पार्टी से निलंबित कर दिया।
