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रील ने जिंदगी ली छीन! रेल पटरी पर पति-पत्नी बच्चे के साथ बना रहे थे वीडियो...आ गई ट्रेन...उड़ गए चीथड़े

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में रेल पटरी पर ‘रील' बनाते समय पति-पत्नी और उनके बच्चे की मौत हो गई। मृतक सीतापुर के लहरपुर के शेख टोला के रहने वाले थे।

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(प्रतिकात्मक फोटो)

Photo : BCCL

लखीमपुर खीरी: सोशल मीडिया पर सुर्खियां पाने के लिए लोग अपनी जिंदगी से खेल रहे हैं। रील का भूत लोगों पर इस कदर सवार है कि वो कहीं भी किसी भी परिस्थिति में वीडियो बनाने से नहीं हिचकते। ऐसे में कई लोग मौत के मुंह में चले जाते हैं। ऐसा ही एक हादसा लखीमपुर खीरी से सामने आया है, जहां उमरिया गांव के पास एक व्यक्ति, उसकी पत्नी और तीन साल के बेटे की बुधवार सुबह ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। अधिकारियों के मुताबिक वे पटरी के पास कथित तौर पर वीडियो रिकॉर्ड बना रहे थे।

इनकी हुई मौत

मृतकों की पहचान मोहम्मद अहमद (26), उनकी पत्नी नाजनीन (24) और तीन साल के बेटे अब्दुल्ला के रूप में हुई है, तीनों सीतापुर जिले के लहरपुर के शेख टोला के निवासी थे। वो किसी काम से खीरी जिले आए थे। रास्ते में पड़ने वाली रेल पटरी पर वे बच्चे के साथ वीडियो बनाने लगे। उन्हें इस बात की सुध नहीं रही कि वो रेलवे ट्रैक पर हैं। इसी दौरान ट्रेन आ गई, इससे पहले वो खुद को सुरक्षित कर पाते ट्रेन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनके शरीर के चीथड़े उड़ गए। ड्राइवर की सूचना पर स्थानीय रेलवे फोर्स ने पहुंच कर सभी शवों की पहचान की।

खीरी कोतवाली के प्रभारी अजीत कुमार के अनुसार, परिवार रेलवे पटरी पर ‘रील’ बना रहा था, तभी ट्रेन आ गई और तीनों की दर्दनाक मौत हो गई। उन्होंने कहा कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और कानूनी प्रक्रिया जारी है।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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