भोपाल

ग्वालियर में दर्दनाक हादसा; कांवड़ियों के जत्थे पर चढ़ी तेज रफ्तार कार, चार की मौत

ग्वालियर के शीतला माता हाईवे पर तेज रफ्तार कार ने मंगलवार रात कांवड़ियों के जत्थे को रौंद दिया, जिससे चार श्रद्धालुओं की मौत हो गई और छह घायल हुए। हादसे का कारण टायर फटना बताया गया। सभी मृतक गंगाजल लेकर लौट रहे थे। पुलिस ने वाहन मालिक की पहचान कर जांच शुरू कर दी है।

Image

टायर फटने से कार हुई थी अनियंत्रित

Photo : Times Now Digital

Gwalior News: ग्वालियर के शीतला माता हाईवे पर मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात एक भयावह हादसा हुआ, जिसमें चार कांवड़ यात्रियों की दर्दनाक मौत हो गई और छह लोग घायल हो गए। देर रात आगरा-मुंबई नेशनल हाईवे पर शीतला माता मंदिर गेट के पास एक बेकाबू कार सड़क किनारे पैदल जा रहे कांवड़ियों के जत्थे को रौंदते हुए पलट गई।

तेज रफ्तार कार बनी काल

पुलिस के अनुसार, कार की रफ्तार बेहद तेज थी और दुर्घटना का मुख्य कारण टायर का अचानक फटना बताया जा रहा है। टायर फटते ही कार अनियंत्रित हो गई और सीधे सड़क किनारे चल रहे कांवड़ियों के समूह पर चढ़ गई।

चार श्रद्धालुओं की मौत, छह घायल

हादसे में तीन कांवड़ियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि सात घायल हो गए। जिनमें से तीन की हालत नाजुक थी। सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां एक अन्य दम तोड़ दिया। सभी मृतक थाना घाटीगांव, सिधौना गांव के रहने वाले थे और भदावना से गंगाजल भरकर महादेव का अभिषेक करने लौट रहे थे। घायलों का इलाज जारी है।

पुलिस ने शुरू की जांच

मुख्य पुलिस अधीक्षक हिना खान ने समाचार एजेंसी ANI से बातचीत में जानकारी दी कि हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। उन्होंने कहा, “हमें एक गाड़ी मौके से मिली है, जिसकी टक्कर से यह हादसा हुआ। शुरुआती जांच में टायर फटने की बात सामने आई है। कार में सवार लोग घटनास्थल पर नहीं मिले। वाहन मालिक की पहचान कर ली गई है और मामले की पूरी जांच जारी है।”

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

और पढ़ें
End of Article