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Indian Semiconductor Mission: भारत में बढ़ेगा सेमीकंडक्टर चिप का प्रोडक्शन, चीन-ताइवान का दबदबा को होगा खत्म !

Indian Semiconductor Mission: अगले 2 से 3 वर्षों में सरकार का टार्गेट देश में 2-3 और सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन यूनिट्स स्थापित करने का है। सरकार ने 2021 में आईएसएम की शुरुआत देश में सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग, पैकेजिंग और डिजाइन यूनिट्स को बढ़ावा देने के लिए 76,000 करोड़ रु की एलॉटमेंट राशि के साथ शुरू की थी।

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भारत में बढ़ेगा सेमीकंडक्टर चिप प्रोडक्शन के लिए निवेश

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • बढ़ेगा सेमीकंडक्टर चिप का प्रोडक्शन
  • चीन-ताइवान को मिलेगी टक्कर
  • टाटा ग्रुप कर रहा भारी निवेश

Indian Semiconductor Mission: इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय (MeitY) या एमईआईटीवाई इंडियन सेमीकंडक्टर मिशन (ISM) योजना के लिए फंडिंग बढ़ाने पर विचार कर रहा है। एमईआईटीवाई की बढ़ती लोकप्रियता के लिए सरकार इस योजना की फंडिंग बढ़ा सकती है, जो कि वर्तमान में 76,000 करोड़ रु है। एमईआईटीवाई के सचिव एस कृष्णन के अनुसार यदि आईएसएम योजना का फंड खत्म हो जाता है और भारत में और सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन (फैब) यूनिट्स की आवश्यकता हो, तो इस महत्वपूर्ण सेक्टर के लिए अतिरिक्त फंडिंग की जरूरत हो सकती है। सेमीकंडक्टर योजना में कई बड़ी मल्टी-नेशनल कंपनियों की रुचि है और एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह भारत में एक मजबूत सेमीकंडक्टर ईकोसिस्टम को बढ़ावा देगा, जिससे चीन और ताइवान के प्रभुत्व को चुनौती मिलेगी।

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क्या है अगले 3 सालों का प्लान

इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, अगले 2 से 3 वर्षों में सरकार का टार्गेट देश में 2-3 और सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन यूनिट्स स्थापित करने का है। सरकार ने 2021 में आईएसएम की शुरुआत देश में सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग, पैकेजिंग और डिजाइन यूनिट्स को बढ़ावा देने के लिए 76,000 करोड़ रु की एलॉटमेंट राशि के साथ शुरू की थी।

इस योजना के तहत भारत में सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन यूनिट्स स्थापित करने वालों को प्रोजेक्ट कॉस्ट की 50% तक वित्तीय सहायता मिलती है।

टाटा ग्रुप के दो प्लांट होंगे शामिल

ईटी की रिपोर्ट के अनुसार, लेटेस्ट अपडेट के तहत देश में तीन और सेमीकंडक्टर यूनिट्स के लिए कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है, जिसमें टाटा ग्रुप के दो प्लांट भी शामिल हैं। टाटा ग्रुप, ताइवान के पावरचिप सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग कॉरपोरेशन (पीएसएमसी) के साथ मिलकर गुजरात में सेमीकंडक्टर चिप फैब्रिकेशन फैसिलिटी स्थापित करने के लिए 91,000 करोड़ रु का निवेश कर रहा है।

इस प्लांट से हर महीने 50,000 वेफर स्टार्ट (डब्ल्यूएसपीएम) का उत्पादन किया जाएगा।

इस राज्य में लगेगा दूसरा प्लांट

इसके अलावा टाटा सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्ट प्राइवेट लिमिटेड (TSAT) ने असम के मोरीगांव में सेमीकंडक्टर यूनिट स्थापित करने के लिए 27,000 करोड़ रु का निवेश करने की योजना बनाई है। कैबिनेट ने गुजरात के साणंद में एक सेमीकंडक्टर यूनिट लगाने के लिए यूएस-आधारित माइक्रोन टेक्नोलॉजी के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। सीजी पावर, जैपनीज रेनेसास इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन और थाईलैंड के स्टार्स माइक्रोइलेक्ट्रॉनिक्स के साथ, एक अन्य सेमीकंडक्टर सुविधा में 7,600 करोड़ रु का निवेश करेगी।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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