बिजनेस

सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड लोन में क्या है अंतर, आपके लिए कौन-सा विकल्प होगा सही

अगर आप भी लोन लेने का विचार बना रहे हैं तो आपको सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड लोन के बीच अंतर जरूर समझना चाहिए।

Image

सिक्योर्ड vs अनसिक्योर्ड लोन (Photo: iStock)

Secured vs Unsecured Loans: जब भी किसी व्यक्ति को घर खरीदने, गाड़ी लेने, एजुकेशन, बिजनेस या दूसरी जरूरतों के लिए पैसों की आवश्यकता होती है, तो वह बैंक या वित्तीय संस्थान से लोन लेने पर विचार करता है। लेकिन लोन लेते समय अक्सर एक सवाल सामने आता है कि Secured Loan बेहतर है या Unsecured Loan। दोनों ही तरह के लोन की अपनी-अपनी विशेषताएं, फायदे और जोखिम होते हैं। ऐसे में सही विकल्प का चुनाव व्यक्ति की वित्तीय स्थिति और जरूरत पर निर्भर करता है। आइए समझते हैं क्या होते हैं सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड लोन।

Secured Loan क्या होता है ?

Secured Loan वह लोन होता है, जिसके बदले व्यक्ति को किसी संपत्ति या एसेट को गिरवी रखना पड़ता है। यह संपत्ति घर, जमीन, वाहन, एफडी, सोना या अन्य मूल्यवान एसेट हो सकती है। अगर उधारकर्ता समय पर लोन नहीं चुकाता, तो बैंक या वित्तीय संस्था उस गिरवी रखी गई संपत्ति पर अधिकार कर सकती है।

Unsecured Loan क्या होता है ?

Unsecured Loan में किसी भी प्रकार की संपत्ति गिरवी रखने की जरूरत नहीं होती। बैंक लोन मंजूर करने के लिए मुख्य रूप से आपकी आय, क्रेडिट स्कोर, नौकरी की स्थिरता और वित्तीय रिकॉर्ड को देखता है। बैंक के पास कोई प्रत्यक्ष सुरक्षा नहीं होती, इसलिए ऐसे लोन पर ब्याज दरें आमतौर पर अधिक होती हैं और पात्रता मानदंड भी अपेक्षाकृत सख्त हो सकते हैं।

कब चुनें Secured Loan?

अगर आपको बड़ी राशि की आवश्यकता है और आपके पास गिरवी रखने योग्य संपत्ति उपलब्ध है तो सिक्योर्ड लोन बेहतर विकल्प हो सकता है। इसकी ब्याज दर कम होती है और लंबी अवधि के लिए भुगतान की सुविधा भी मिल सकती है। होम लोन और वाहन लोन जैसी जरूरतों के लिए यह विकल्प ज्यादा सही माना जाता है।

कब चुनें Unsecured Loan?

अगर आपको कम पैसों की जरूरत है और आप कोई संपत्ति गिरवी नहीं रखना चाहते तो अनसिक्योर्ड लोन के विकल्प पर जा सकते हैं। हालांकि इसके लिए अच्छा क्रेडिट स्कोर और मजबूत वित्तीय रिकॉर्ड होना जरूरी है। यह विकल्प अक्सर पर्सनल जरूरतों, मेडिकल इमरजेंसी या छोटे खर्चों के लिए चुना जाता है।

निर्णय लेने से पहले इन बातों पर करें विचार

लोन चुनने से पहले व्यक्ति को अपनी भुगतान क्षमता, ब्याज दर, अवधि और जोखिम का आकलन जरूर करना चाहिए। अगर कम ब्याज दर प्राथमिकता है और संपत्ति उपलब्ध है तो सिक्योर्ड लोन फायदेमंद हो सकता है।

Shivani Kotnala
शिवानी कोटनालाauthor

शिवानी कोटनाला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। पत्रकारिता के करियर में 3 साल से ज्यादा के अनुभव के साथ शिवानी ने बिजनेस और टेक से जुड़ी खबरों पर काम किया है। यूटीलिटी, शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग से जुड़ी खबरों पर वह लगातार लिख रही हैं। शिवानी ने डिजिटल के साथ-साथ न्यूज एजेंसी में भी काम किया है।

और पढ़ें
End of Article