Budget 2022 Cryptocurrency: क्रिप्टो करंसी से कमाई पर 30 फीसदी टैक्स, RBI लाएगा अपनी डिजिटल मुद्रा

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Feb 1, 2022, 01:37 PM IST

Budget 2022 Cryptocurrency News: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने क्रिप्टो करेंसी को लाने की बड़ी घोषणा करते हुए कहा अब वर्चुअल करेंसी पर बड़ा टैक्स लगेगा। क्रिप्टो करेंसी पर देना होगा 30% टैक्स।

Budget 2022 Cryptocurrency: क्रिप्टो करंसी से कमाई पर 30 फीसदी टैक्स, RBI लाएगा अपनी डिजिटल मुद्रा
Photo Credit: BCCL

Budget 2022 Cryptocurrency News: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण में एक अहम ऐलान किया। वित्त मंत्री ने बताया कि 2022-23 से आरबीआई द्वारा डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए डिजिटल मुद्रा जारी की जाएगी। इसके साथ ही भारत में  में रेग्युलेटेड डिजिटल करेंसी लाने का रास्ता भी साफ हो गया है।

बिटकॉइन जैसी डिजिटल करेंसी में निवेश वालों के लिए अवसर

डिजिटल करेंसी लाने के ऐलान से बिटकॉइन जैसी डिजिटल करेंसी में जोखिम वाले निवेश की जगह नए सुरक्षित निवेश का विकल्प पेश हो गया है। वित्त मंत्री ने कहा कि वित्त वर्ष 2022-23 में रिजर्व बैंक डिजिटल करंसी लॉन्च करेगा। वित्त मंत्री ने कहा, 'ब्लॉकचेन और अन्य तकनीकों का इस्तेमाल करके डिजिटल करंसी शुरू की जाएगी, आरबीआई 2022-23 से इसे जारी करेगा।' वित्त मंत्री ने बताया कि क्रिप्टो करंसी में निवेश पर 30 प्रतिशत की दर से टैक्स लगेगा।

क्या कहते हैं एक्सपर्ट

BankBazaar.com के सीईओ आदिल शेट्टी ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, 'केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट पेशकश के वक़्त कहा की आरबीआई भारत की अपनी ब्लॉकचेन डिजिटल रुपया(डिजिटल करेंसी) जारी करेगा। इससे भारत की अर्थव्यवस्था को बड़ा बढ़ावा मिलेगा और डिजिटल वित्तीय स्पेस में स्थिति भी मजबूत होगी। अभी तक संयुक्त राज्य अमेरिका ने भी अपना सीबीसी लॉन्च नहीं किया है। सीबीसी के लांच का अर्थ है भारत ब्लॉकचेन और कम ऑपरेशनल कॉस्ट का लाभ उठा कर सेटलमेंट में तेजी लाना चाहता है। इसको बेहतर समझने के लिए हमें इसके डिटेल्स की प्रतीक्षा करने की आवश्यकता है।'

उठती रही है मांग

आपको बता दें कि फिलहाल देश में क्रिप्टोकरेंसी के इस्तेमाल पर किसी तरह का नियमन नहीं है और न ही किसी तरह की पाबंदी लगी हुई है। हालांकि, विभिन्न क्षेत्रों से इनके सख्त नियमन की मांग उठती रही है। सरकार ने संसद के पिछले अधिवेशन में ही क्रिप्टोकरेंसी पर एक विधेयक लाने की मंशा जताई थी। रिजर्व बैंक की तरफ से एक आधिकारिक डिजिटल मुद्रा के गठन का ढांचा तैयार होने की बात कही गई थी। लेकिन मंत्रिमंडल में इस विधेयक के प्रारूप पर सहमति नहीं बन पाने से उसे संसद में नहीं रखा जा सका था। इससे पहले प्रमुख आर्थिक सलाहकार संजीव सान्याल ने सोमवार को कहा था कि देश की वित्तीय स्थिरता पर क्रिप्टोकरेंसी के निहितार्थों को देखते हुए सरकार इसके नियमन के मुद्दे पर एक संतुलित नजरिया अपनाएगी।

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