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Covid 19: चीन की लैब से ही लीक हुआ था कोरोना वायरस, इस नई रिपोर्ट में हुआ खुलासा

  • Authored by: अमित कुमार मंडल
  • Updated Feb 27, 2023, 12:47 PM IST

द वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, नई खुफिया जानकारी के बाद ऊर्जा विभाग ने निष्कर्ष निकाला है कि चीन में एक अचानक लैब रिसाव के कारण कोरोना वायरस फैला और इसने भारी तबाही मचाई।

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लैब रिसाव के कारण कोरोना वायरस फैला

Photo : ANI

दुनियाभर में कोहराम मचाने वाले कोरोना वायरस को लेकर शुरू से ही चीन पर उंगली उठती रही है। पहले भी कई रिपोर्ट्स में बताया गया था कि चीन की वुहान लैब से ही ये वायरस लीक हुआ था। लेकिन चीन हमेशा इसे नकारता रहा है। चीन की ना-नुकुर के बाद विश्व स्वास्थ्य संगठन की टीम ने भी इस संबंध में वुहान लैब का दौरा किया था। अब अमेरिकी ऊर्जा विभाग की रिपोर्ट ने पुष्टि कर दी है कि ये वायरस वुहान लैब से ही निकला था।

लैब रिसाव के कारण कोरोना वायरस फैला

द वॉल स्ट्रीट जर्नल (WSJ) की रिपोर्ट के अनुसार, नई खुफिया जानकारी के बाद ऊर्जा विभाग ने निष्कर्ष निकाला कि चीन में एक अचानक लैब रिसाव के कारण कोरोना वायरस फैला और इसने भारी तबाही मचाई। इससे पहले ऊर्जा विभाग इसे लेकर तय नहीं कर पा रहा था कि वायरस वाकई चीन की लैब से निकला है। लेकिन डायरेक्टर ऑफ नेशनल इंटेलीजेंस अवरिल हेन्स के 2021 के एक दस्तावेज से स्थिति बदल गई। इसकी मदद से ऊर्जा विभाग इस निष्कर्ष पर पहुंचा कि वायरस की उत्पत्ति चीन में ही हुई है। इस बारे में जानकारी पांच पेजों में दी गई है।

हाउस और सीनेट के रिपब्लिकन सांसद महामारी की उत्पत्ति की अपनी जांच कर रहे हैं और अधिक जानकारी के लिए बाइडन प्रशासन और खुफिया विभाग पर दबाव डाल रहे हैं। डब्ल्यूएसजे की रिपोर्ट के अनुसार, ऊर्जा विभाग अब फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन की जांच में शामिल हो गया है, जिसमें कहा गया है कि हो सकता है कि चीनी लैब में दुर्घटना के कारण वायरस फैला। ऊर्जा विभाग का निष्कर्ष नई खुफिया जानकारी के बाद आया है और इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इस एजेंसी के पास काफी वैज्ञानिक विशेषज्ञता है और अमेरिकी राष्ट्रीय लैब के नेटवर्क की देखरेख करती है और इनमें से कुछ बेहद एडवांस जैविक रिसर्च करती हैं।

10 लाख से अधिक अमेरिकियों की मौत

एफबीआई पहले इस निष्कर्ष पर पहुंची थी कि महामारी 2021 में एक लैब रिसाव के कारण फैली थी और वह अभी भी इस पर कायम है। अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि ऊर्जा विभाग और एफबीआई दोनों का कहना है कि एक अनपेक्षित लैब रिसाव कोविड महामारी का सबसे बड़ा संभावित कारण है और वे अलग-अलग कारणों से इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं। दस्तावेज बताता है कि कैसे खुफिया अधिकारी क्यों इस बात पर कायम हैं कि कोविड -19 चीन की लैब से ही उभरा। तीन साल पहले शुरू हुई इस महामारी में 10 लाख से अधिक अमेरिकियों की मौत हो गई थी।

2019 के आखिर में पहली बार कोरोना वायरस की पुष्टि चीनी शहर वुहान में हुई थी। तभी से चीन पर उंगली उठती रही है। चीन पर पहले भी इस तरह के प्रयोग करने के आरोप लगते रहे हैं। लेकिन चीन ने हर बार इन आरोपों को खारिज किया है। चीन का कहना है कि यह वायरस लैब से नहीं निकला था। पहले यह जानवरों में आया फिर इंसानों में फैला। इस वायरस के चमगादड़ से भी पैदा होने के कयास लगते रहे हैं।

चीन ने जांच में लगाया अड़ंगा

चीन ने विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा जांच की सीमा भी तय की है जिससे इस बात का शक पैदा होता है कि शायद वायरस उसकी एक प्रयोगशाला से लीक हुआ हो। हालांकि, सच्चाई ये है कि वुहान चीन के व्यापक कोरोना वायरस अनुसंधान का केंद्र है। इससे कुछ वैज्ञानिकों और अमेरिकी अधिकारियों को लगता है कि महामारी की शुरुआत यहीं के लैब रिसाव से हुई है।

वुहान में बड़े-बड़े लैब

वुहान में बड़े पैमाने पर लैब में प्रयोग होते हैं। 2002 में गंभीर तीव्र श्वसन सिंड्रोम सार्स की शुरुआत भी यही से मानी जाती है। यहां प्रसिद्ध वुहान इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी, चाइनीज सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन और वुहान इंस्टीट्यूट ऑफ बायोलॉजिकल प्रोडक्ट्स के कैंपस शामिल हैं, जो टीकों का उत्पादन करते हैं।

अमित कुमार मंडल
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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