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मुस्लिम देश में समुद्र के बीचों-बीच बसा है हिंदू मंदिर, 600 सालों से खतरनाक सांप करते हैं इसकी रखवाली!

  • Authored by: आदित्य साहू
  • Updated Dec 11, 2022, 02:32 PM IST

Tanah Lot Hindu Temple: यह मंदिर आज भी पूरी तरह सुरक्षित है और इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी विषैले सांपों की है। यह मंदिर इंडोनेशिया में है, जो समुद्र के बीचों-बीच एक ऊंची चट्टान पर बना हुआ है। बाली में सागर तट पर बने सात मंदिरों में से यह मंदिर एक है। इन्हें एक श्रृंखला के रूप में बनाया गया है।

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तनाह लोत मंदिर (सोशल मीडिया)

KEY HIGHLIGHTS
  • मुस्लिम देश में मौजूद है एक हिंदू मंदिर
  • 600 सालों से सांप करते हैं मंदिर की सुरक्षा
  • समुद्र के बीच में चट्टान पर मौजूद है मंदिर

Tanah Lot Hindu Temple: दुनिया के कई देशों में सदियों पुराने हिंदू मंदिर आज भी मौजूद हैं। कुछ मंदिर इतने रहस्यमयी हैं, जिनके बारे में जानकर लोग हैरान रह जाते हैं। हम आपको आज एक ऐसे ही हिंदू मंदिर के बारे में बताने जा रहे हैं, जो 600 सालों से एक इस्लामिक देश में समंदर के बीचों-बीच मौजूद है। आपको जानकर हैरानी होगी कि यह मंदिर आज भी पूरी तरह सुरक्षित है और इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी विषैले सांपों की है। यह मंदिर इंडोनेशिया में है, जो समुद्र के बीचों-बीच एक ऊंची चट्टान पर बना हुआ है।

इंडोनेशिया में मौजूद है हिंदू मंदिर

मान्यता है कि इस चट्टान का निर्माण हजारों साल पहले समुद्र में उत्पन्न हुए ज्वार के कारण हुआ था। मंदिर को 'तनाह लोत मंदिर' के नाम से जाना जाता है। 'तनाह लोत' का स्थानीय भाषा में मतलब 'समुद्री भूमि' या 'समुद्र में जमीन' होता है। बाली में सागर तट पर बने सात मंदिरों में से यह मंदिर एक है। इन्हें एक श्रृंखला के रूप में बनाया गया है। हर मंदिर से अगला मंदिर बिल्कुल साफ नजर आता है। जिस शिला पर यह मंदिर टिका है, वह साल 1980 में कमजोर होकर झड़ने लगी थी। इसके बाद आसपास के क्षेत्र को खतरनाक घोषित कर दिया गया। हालांकि, बाद में जापान की सरकार ने इस चट्टान को बचाने के लिए इंडोनेशिया के सरकार की मदद की। इसके बाद चट्टान के एक तिहाई हिस्से को कृत्रिम चट्टान से ढंक दिया गया।

पुजारी ने करवाया मंदिर का निर्माण

मान्यता है कि तनाह लोत मंदिर का निर्माण 15वीं सदी में हुआ था। इस मंदिर को निरर्थ नाम के एक पुजारी ने बनवाया था। बताया जाता है कि पुजारी निरर्थ समुद्र तट के किनारे चलते-चलते इस जगह पर पहुंचे थे। इस जगह की सुंदरता पुजारी को इतनी भाई कि उन्होंने यहां पर मंदिर निर्माण का निर्णय लिया। फिर आसपास के मछुआरों से उन्होंने समुद्र देवता का मंदिर बनाने का आग्रह किया। इसके बाद यह मंदिर बनाया गया। बता दें कि मंदिर में पुजारी निरर्थ की भी पूजा की जाती है। कहा जाता है कि पुजारी ने अपनी शक्ति से यहां पर एक विशाल समुद्री सांप पैदा किया था। यही सांप मंदिर की सुरक्षा करता है।

आदित्य साहू
आदित्य साहूauthor

आदित्य साहू टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पोर्ट्स और ट्रेडिंग कंटेंट लिखतें हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स की डिग्री हासिल करने के बाद वह पिछले 10 सालों से मीडिया में सक्रिय हैं। स्पोर्ट्स इवेंट की रियल टाइम कवरेज, डाटा टॉपिक्स और अनोखे कंटेंट आइडियाज को आकर्षक और एंगेजिंग तरीके से प्रस्तुत करना आदित्य की खासियत है। उनकी कॉपी राइटिंग और इंटरेस्टिंग हेडलाइन बनाने की क्षमता उन्हें डिजिटल दुनिया में अलग पहचान देती है। 15,000 से अधिक बायलाइन स्टोरी पब्लिश कर चुके आदित्य का लक्ष्य हर खबर को यूनिक एंगल और स्टोरीटेलिंग के रोचक अंदाज में पेश करना है।

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