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Video: रावण के भेष में शख्स ने निकाली कांवड़ यात्रा, बताई ऐसी वजह आप भी सोचने पर हो जाएंगे मजबूर

Video: मुजफ्फरनगर जनपद में एक कांवड़िया रावण के भेष में नजर आया। यह कांवड़िया हरिद्वार में हर की पौड़ी से जल भरकर दिल्ली के बुराड़ी के लिए पैदल कांवड़ यात्रा कर रहा है।

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रावण के भेष में कांवड़िया (times now digital)

Video: सावन का महीना शुरू होते ही शिवभक्तों की कांवड़ यात्रा शुरू हो गई है। इस दौरान मुजफ्फरनगर जनपद में एक कांवड़िया रावण के भेष में नजर आया। यह कांवड़िया हरिद्वार में हर की पौड़ी से जल भरकर दिल्ली के बुराड़ी के लिए पैदल कांवड़ यात्रा कर रहा है। रावण के भेष में मुजफ्फरनगर पहुंचे कांवड़िए का नाम मूलचंद त्यागी है। रावण का भेष करने को लेकर इस शिवभक्त कांवड़िए का कहना है कि रावण शिव के सबसे बड़े भक्त थे। इसी भक्ति के चलते वह भी रावण के भेष में कांवड़ लेकर आए हैं।

रावण के भेष में निकला कांवड़िया

बता दें कि हरिद्वार में हर की पौड़ी से गंगा जल उठाकर करोड़ों शिवभक्त मुजफ्फरनगर से होते हुए दिल्ली, हरियाणा ,राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों के लिए प्रस्थान करते हैं। यहां पर रंग बिरंगी और अनोखी कांवड़ यात्रा देखने को मिलती है। इसी क्रम में रावण के भेष में आए इस शिवभक्त कांवड़िए ने सबका मन मोह लिया है। मूलचंद त्यागी नाम के इस कांवड़िए का कहना है कि उन्हें सभी धर्म और सभी बिरादरी का प्यार मिल रहा है। देखें वीडियो-

क्या बोले शिवभक्त कावड़िए मूलचंद त्यागी

शिवभक्त कांवड़िए मूलचंद त्यागी का कहना है, 'दशानंद रावण हूं मैं हरिद्वार से चल दिया दिल्ली बुराड़ी चढ़ाएंगे.. शिव भक्त रावण थे शिव भक्त कहलाएंगे.. बोल शंकर भगवान की जय।' उन्होंने आगे कहा, 'शिव भक्त था रावण सबसे बड़ा.. उन्होंने अपना शीश काट के ब्रह्मा जी को चढ़ाया था। शिव भक्त रावण ही प्रिय कहलाए हैं।'

Aditya Sahu
आदित्य साहूauthor

आदित्य साहू टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पोर्ट्स और ट्रेडिंग कंटेंट लिखतें हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स की डिग्री हासिल करने के बाद वह पिछले 10 सालों से मीडिया में सक्रिय हैं। स्पोर्ट्स इवेंट की रियल टाइम कवरेज, डाटा टॉपिक्स और अनोखे कंटेंट आइडियाज को आकर्षक और एंगेजिंग तरीके से प्रस्तुत करना आदित्य की खासियत है। उनकी कॉपी राइटिंग और इंटरेस्टिंग हेडलाइन बनाने की क्षमता उन्हें डिजिटल दुनिया में अलग पहचान देती है। 15,000 से अधिक बायलाइन स्टोरी पब्लिश कर चुके आदित्य का लक्ष्य हर खबर को यूनिक एंगल और स्टोरीटेलिंग के रोचक अंदाज में पेश करना है।

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