Sawan Somvar Vrat Importance: हिंदू धर्म में सावन मास का महत्व बहुत अधिक है। शिवजी को समर्पित इस मास में व्रत और पूजा करने से बहुत सी असाध्य मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। वर्ष 2023 में ज्योतिष पंचांग के अनुसार 4 जुलाई से सावन मास की शुरुआत हो रही है। इस बार सावन का महीना 31 अगस्त तक रहेगा। इस बार दो महीने सावन के माने जायेंगे जिसमें 4 की बजाय 8 सोमवार आयेंगे। सावन सोमवार व्रत काफी अहम है और इसे करने से महादेव सभी कष्टों का निवारण करते हैं। इस बार भक्तों को भगवान शिव की उपासना के लिए कुल 58 दिन मिलने वाले हैं।
सावन का पहला सोमवार 10 जुलाई को
सावन का पहला सोमवार 10 जुलाई का होगा। इस बार एक अधिक मास पड़ रहा है, अधिक मास को ही मलमास कहा जाता है। सावन सोमवार की कथा सुनने के बहुत से पूर्णालाभ पुराणों में भी वर्णित हैं। कहा जाता है कि यह शुभ संयोग 19 साल बाद बना है।
सावन सोमवार व्रत का महत्व
- सावन सोमवार का उपवास रखना मोक्ष की प्राप्ति दिलाता है।
- इससे जीवन के हर संकट दूर होते हैं और सुख और सौभाग्य की प्राप्ति होती है।
- सावन में भगवान शिव के साथ माता पार्वती की पूजा करना बेहद जरूरी होता है।
- सावन के सोमवार की कथा सुनना भी उतना ही महत्वपूर्ण माना गया है, क्योंकि तभी पूजा पूर्ण मानी जाती है।
- सावन सोमवार की कथा सुनने के बहुत से पूर्णालाभ पुराणों में भी वर्णित हैं।
- सावन सोमवार कथा सुनने के अनेक पुण्य लाभ हैं।
- सावन सोमवार का व्रत यदि कुवांरी लड़कियां रखती हैं तो उन्हें मनचाहा वर मिलता है।
- वैवाहिक जीवन में सुख और शांति आती है और पति की आयु लंबी होती है।
- मनचाहा वरदान शिवजी अपने भक्तों को प्रदान करते हैं।
- सावन सोमवार व्रत से दीघायु का वरदान मिलता है।
चंद्रमा की स्थिति होती है मजबूत
सावन के सोमवार का व्रत करने से कुंडली में चंद्रमा की स्थिति मजबूत होती है। साथ ही आपका स्वास्थ्य भी अच्छा रहता है। सावन के सोमवार पर सुबह स्नान कर भगवान शिव का जलाभिषेक करना चाहिए।
