अध्यात्म

मनुष्‍य को जीवन में मिल जाए इन 3 का साथ तो हर मुश्किल बन जाती है आसान

  • Produced by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलEdited by: लवीना शर्मा
  • Updated Nov 24, 2022, 08:39 PM IST

Chanakya Niti in Hindi: जीवन के दौरान लोगों कई मित्र बनाते हैं। इनमें से कुछ साथ छोड़ जाते हैं, तो कुछ जीवन भर साथ रहते हैं। मनुष्‍य के तीन ऐसे मित्र होते हैं, जो जीवन के अंत तक व्‍यक्ति का साथ निभाते हैं। व्‍यक्ति को कभी भी इनसे दूर नहीं जाना चाहिए।

Image

हर मुश्किल को आसान बना देती हैं ये 3 चीजें, मनुष्‍य की परम मित्र

KEY HIGHLIGHTS
  • ज्ञान व्‍यक्ति को हर मुश्किल वक्‍त से बाहर निकल लेता है
  • औषधि से दोस्‍ती करने पर स्‍वास्‍थ्‍य हमेशा रहता है दुरुस्‍त
  • धर्म साथ निभाने के साथ जीवन को बना देता है बेहद आसान

Chanakya Niti in Hindi: जीवन में सिर्फ एक ही सत्‍य है, जिसने जन्‍म लिया है, उसकी मृत्यु निश्चित है। इसके बीच में पड़ने वाले जीवन चक्र में मनुष्‍य अपने कर्मों के हिसाब से अच्छा-बुरा परिणाम खुद भोगता है। आचार्य चाणक्य ने अपने नीति शास्‍त्र में जीवन के सभी पहलुओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी है। इसमें रिश्‍तों व संबंधों के बारे में भी कई अहम जानकारी दी गई है। आचार्य चाणक्‍य कहते हैं की मुश्किलों से भरा मनुष्‍य जीवन तब ज्‍यादा आसान बन जाता है, जब रिश्‍ते व दोस्‍ती की डोर मजबूत हो जाती है। आचार्य कहते हैं लोग अपने जीवन में कई मित्र बनाते हैं, इनमें से कुछ जीवन भर साथ निभाते हैं तो कुछ बीच रास्‍ते में ही साथ छोड़ चले जाते हैं। आचार्य कहते हैं कि, तीन ऐसे मित्र होते हैं, जिनका अगर साथ मिल जाए तो ये किसी भी परिस्थिति में साथ नहीं छोड़ते। हर मुश्किल वक्‍त में ये साथ निभाते हैं।

विद्या मित्रं प्रवासेषु भार्या मित्र गृहेषु च।

व्याधितस्यौषधं मित्र धर्मो मित्रं मृतस्य।।

ज्ञान से दोस्‍ती

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि, ज्ञान से दोस्‍ती करना बहुत फायदेमंद होता है। जिस व्यक्ति की ज्ञान से दोस्‍ती हो जाए उसे किसी दूसरे मित्र की जरूरत नहीं पड़ती। यह हर मुश्किल वक्‍त में व्‍यक्ति का साथ निभाता है। ज्ञान ऐसा हथियार होता है जो बुरे से बुरे हालात में फंसे व्‍यक्ति को भी बाहर निकाल सकता है। इस दोस्‍त की मदद से सफलता हासिल होती है।

औषधि का साथ

आचार्य चाणक्‍य कहते हैं कि मनुष्‍य जब तक स्‍वस्‍थ्‍य रहता है, तभी तक सफलता प्राप्‍त कर सकता है। बीमारी से छुटकारा दिलाने में व्‍यक्ति का सबसे बड़ा दोस्‍त औषधि होती है। यह एक सच्चे मित्र की तरह हर तरह की बीमारी से निजात दिलाने में मदद करती है। अगर इसके साथ अच्‍छी दोस्‍ती हो जाए तो यह व्‍यक्ति को मृत्यु के अंतिम समय तक बचाने की कोशिश करती है।

धर्म सच्‍चा साथी

आचार्य ने धर्म को मनुष्य का जीवन भर का सच्चा साथी माना है। व्यक्ति को हमेशा अपने धर्म को सबसे ऊपर रखना चाहिए। अगर किसी व्‍यक्ति को धर्म का साथ मिल जाए तो वह उसका पुरा जीवन सुधार सकता है। जीवन में किए गए धर्म-कर्म के कार्य की वजह से ही मनुष्य मरने के बाद भी याद रहता है।

(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article